ईंट-भट्ठे पर कार्यरत दो बाल श्रमिकों को कराया मुक्त

– भट्ठा स्वामी के विरूद्ध बाल संरक्षण अधिनियम के तहत प्रकरण पंजीबद्ध

– पुनर्वास के लिए बाल कल्याण समिति के समक्ष किया प्रस्तुत

मीरजापुर, 24 फरवरी (हि.स.)। ईंट भट्ठों पर बालश्रम की रोकथाम के लिए श्रम विभाग की ओर से गठित टीम ने शनिवार को विंध्याचल थाना क्षेत्र के सिकरा गांव में चल रहे ईट-भट्ठे पर कार्यरत दो बाल श्रमिकों को मुक्त करा बाल कल्याण समिति के समक्ष प्रस्तुत किया।

श्रम प्रवर्तन अधिकारी ज्ञानेंद्र सिंह ने बताया कि विंध्याचल थाना क्षेत्र अंतर्गत सिकरा गांव में संचालित एएनपी मार्का ईट उद्योग के प्रांगण में टीम पहुंची। वहां बच्चों से बाल श्रम करवाया जा रहा था। ईट भट्ठा मालिक शिवतोष कुमार पाठक द्वारा दो बाल श्रमिक बच्चों से कार्य कराया जा रहा था। इनकी उम्र 12 व 13 वर्ष के बीच है। दोनों मध्य प्रदेश के रीवा जिले के निवासी बताएं जा रहे थे। दोनों नाबालिकों को बाल श्रम से मुक्त कराया गया। स्वास्थ एवं आयु सम्बंधित परिक्षण के बाद उन्हें पुनर्वास के लिए बाल कल्याण समिति मीरजापुर के समक्ष प्रस्तुत किया गया। बाल श्रम करवाने वाले भट्ठा स्वामी के विरूद्ध बाल संरक्षण अधिनियम के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कराया गया।

श्रम विभाग की गठित टीम में आलोक रंजन, कौशलेंद्र सिंह व मानव तस्करी गुमशुदा व्यक्ति प्रकोष्ठ प्रभारी शिवशंकर सिंह सब इंस्पेक्टर रामपाल मिश्र आदि थे।