कंकर-कंकर शंकर का अद्भुत नजारा देख भक्त निहाल, बही श्रद्धा की अखंड जलधार

देहरादून, 08 मार्च (हि.स.)। माथे पर तिलक, आंखों में नशा, कर्म से भक्ति, मन-मस्तिष्क में शिवशक्ति और हृदय में अथाह आस्था का सागर आज महाशिवरात्रि पर चहुंओर दिखाई दे रहा है। आदि देव भगवान शिव और मां शक्ति के मिलन का यह महापर्व महाशिवरात्रि पर आस्था और भक्ति भाव का सैलाब उमड़ा हुआ। हर-हर बम-बम के जयघोष से शिवालय गूंज उठे। श्रद्धालुओं ने भगवान शिव का जलाभिषेक किया। शिवालयों में अभिषेक पूजन व भजन-कीर्तन हुए। शिव बारात भी निकाली गई।

शिवालयों में भोले शंकर के प्रति श्रद्धा की अखंड जलधार बेलपत्र, मदार, धतुरा, दुग्ध, जल ज्योर्तिलिंगों पर बहती रही। कंकर-कंकर शंकर का नजारा अद्भुत दिखा। चारों दिशाओं में हर-हर महादेव के नारों की गूंज के बीच भक्त भोलेशंकर का दर्शन कर निहाल उठे।

शुक्रवार को महाशिवरात्रि पर सभी शिव मंदिर ओम नम: शिवाय के जाप से गुंजायमान हो उठे। शिवालयों में भगवान शंकर का अभिषेक, पूजन चल रहा था। शिव मंदिरों में भक्तों ने शिव की आराधना करने के दौरान ओम नम: शिवाय मंत्र का जाप किया और शिव को खुश करने के लिए दूध, बेल पत्ती, मदार, धतूरा, भांग, भस्म, कनेर का पुष्प आदि चढ़ाया। साथ ही शिवभक्तों ने शिव चालीसा, शिव तांडव, शिव पुराण आदि का पाठ भी किया। कहा जाता है कि जहां श्रीराम वहां शिव। राम और शिव का स्वरूप एक है। श्रीराम की आराधना से शिवत्व की प्राप्ति और शिव की उपासना से राम कृपा सुलभ हो जाती है। महाशिवरात्रि पर भोले भंडारी को प्रसन्न करने के लिए जनमानस उमड़ पड़ा।

महाशिवरात्रि पर देवभूमि का वातावरण शिवभक्तों के भक्तिमय उल्लास से आह्लादित दिखा। शिवालयों में हर-हर महादेव, बम-बम भोले के गगनभेदी उद्घोष श्रद्धालुओं की भोले भंडारी के प्रति अटूट आस्था को प्रकट कर रहे थे।

जलाभिषेक को उमड़े भक्त, आस्थावान-

महाशिवरात्रि पर शिवालयों में भोर से ही जलाभिषेक को आस्थावानों का सैलाब उमड़ने लगा था। हर वर्ग उम्र के लोग भोलेनाथ को जलार्पण कर उनका अभिषेक करने को आतुर दिखे। मंत्रोच्चारण के बीच शिव स्तुति कर जनकल्याण की कामना की गई। महाशिवरात्रि पर भगवान शिव का आकर्षक श्रृंगार किया गया था।

कई जगह निकाली गई शिव बारात, उमड़ा हुजूम-

महाशिवरात्रि पर कई जगह शिव बारात भी निकाली गई। श्रद्धालुओं ने नाचते-गाते शिव बारात निकाली। सुरक्षा के भी पुख्ता इंतजाम किए गए थे। चौराहों पर विशेष चौकसी बरती गई। शिवालयों में पुलिस की खास निगहबानी रही। जगह-जगह भंडारों का भी आयोजन किया गया

भक्तों की कतार-

भगवान टपकेश्वर का भव्य रूप से श्रृंगार किया गया है। आधी रात से ही टपकेश्वर महादेव मंदिर में भक्तों की भीड़ लगने लगी थी। शुक्रवार सुबह भक्त कतार में लग कर दर्शन कर रहे हैं।

मंदिर के महंत कृष्णा गिरी महाराज ने बताया कि मंदिर में मंदिर में महाशिवरात्रि पर 5100 लीटर केसर युक्त दूध भक्तों को वितरित किया जा रहा है। टपकेश्वर मंदिर में आस्था का सैलाब को लेकर पूरी तैयारी की गई है। मंदिर आने वाले किसी भी श्रद्धालु को किसी भी प्रकार की कोई परेशानियों न हो, इसको लेकर सभी व्यवस्थाएं की गई है। सुरक्षा के लिहाज से मंदिर के मुख्य द्वार से लेकर अंदर तक बैरिकेट लगा दिए गए है। इसके साथ ही पुलिस और मंदिर के सेवादार तैनात है।

51 लीटर दूध से महारुद्राभिषेक-

पलटन बाजार के जंगम शिवालय मंदिर में संत महात्माओं और ब्राह्मण भगवान श्री जंगमेश्वर महादेव का 51 लीटर दूध से महारुद्राभिषेक किया गया। इसके बाद 3100 लीटर केसर युक्त दूध का भोग लगाकर भक्तों को प्रसाद के रूप में वितरित किया जा रहा है।

शिवरात्रि की धूम-

प्रेमनगर स्थित श्री सनातन धर्म मंदिर में भी शिवरात्रि की धूम रही। यहां शिवभक्तों की कतार लग गई। चार बजे से महादेव का जलाभिषेक शुरू हुआ। गढ़ी डाकरा स्थित प्राचीन श्री गोरक्षनाथ नागेश्वर महादेव मंदिर में बड़ी संख्या में भक्तों ने भोले का जलाभिषेक किया।

भव्य झांकी-

शिवरात्रि पर चकराता रोड पर बिंदाल पुल स्थित शनि मंदिर के पाया स्थानीय लोगों की ओर से भव्य झांकियों की प्रदर्शनी की गई, जिसमें बालाजी महाराज, शिव तांडव, पार्वती-शिव मिलन आदि शामिल थे।