देहरादून, 22 मई (हि.स.)। चारधाम यात्रा के लिए कराये गये ऑनलाइन पंंजीकरण में हैदराबाद के श्रद्धालुओं के साथ धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। जांच के दौरान सामने आये फर्जीवाड़े के आधार पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी गयी है।
ऋषिकेश क्षेत्रान्तर्गत खांड गांव में बनाये गये रजिस्ट्रेशन चेकिंग सेन्टर का एसएसपी देहरादून ने बुधवार को निरीक्षण किया। एसएसपी देहरादून ने अधीनस्थ अधिकारियों के साथ चारधाम यात्रा पर आये यात्रियों के ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन चेक किया। इस चेकिंग दौरान हैदराबाद से चारधाम यात्रा पर आये 11 सदस्यीय यात्रियों के दल के ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन में कूटरचना कर और तारीखों में हेरफेर किया जाना सामने आया।
इसके संबंध में दल की एक सदस्य मुक्कावली साई भ्रमर मधुरिया, निवासी श्रीनिवासा नगर बैंक कॉलोनी, विजयवाड़ा आंध्र प्रदेश ने बताया कि उनके ओर से चारधाम यात्रा के लिए कुल 11 लोगों का जनकपुरी दिल्ली से ऑनलाइन पैकेज बुक किया गया था, जिसके संबंध में उनके ओर से कंपनी के कर्मचारी कुमकुम वर्मा और डायरेक्टर ऋषि राज से फोन के माध्यम से वार्ता की गई थी, जिनके ओर से उनके 11 सदस्यीय दल का चारधाम यात्रा के लिये रजिस्ट्रेशन एवं ठहरने आदि की व्यवस्था करने का आश्वासन देते हुए उसके एवज में उनसे दो लाख 33 हजार रुपये लिये गये थे। बताया गया था कि चारधाम यात्रा के लिये उन सभी का 25 मई से 30 मई के बीच का रजिस्ट्रेशन उनके ओर से कराया जायेगा। आज उन लोगों को कुमकुम वर्मा की ओर से व्हाट्सएप के माध्यम से रजिस्ट्रेशन की पीडीएफ भेजी गई थी, जिसे लेकर वे सभी चारधाम यात्रा के लिये आज ऋषिकेश आये थे।
पुलिस की ओर से उक्त यात्रियों के ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन चेक करने पर पता चला कि उनके रजिस्ट्रेशन की वास्तविक तारीख एक जून से दस जून तक है। यात्रियों के साथ हुई धोखाधड़ी के संबंध में एसएसपी देहरादून की ओर से तत्काल सम्बन्धित ट्रैवल एजेंसी संचालक के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई करने के निर्देश दिये गये, जिस पर दल की सदस्य मुक्कावली साई भ्रमर मधुरिया, निवासी श्रीनिवासा नगर बैंक कॉलोनी, विजयवाड़ा आंध्र प्रदेश की ओर से धोखाधड़ी के संबंध में दी गई तहरीर पर कोतवाली ऋषिकेश में संबंधित ट्रैवल एजेंसी के खिलाफ धारा 420, 468 और 120 बी भादवि के अंतर्गत मुकदमा दर्ज किया गया है।