पंजाब चुनाव: नामांकन जांच आज, गिद्दड़बाहा में सर्वाधिक उम्मीदवार, चब्बेवाल में मात्र 8!

पंजाब में 4 विधानसभा सीटों पर होने वाले उपचुनाव के लिए नामांकन प्रक्रिया का समापन हो चुका है। यह चुनाव 13 नवंबर को होंगे और आज (सोमवार) को उम्मीदवारों के नामांकन पत्रों की स्क्रूटनी की जाएगी। इस प्रक्रिया के दौरान यह स्पष्ट हो जाएगा कि कितने उम्मीदवार चुनावी लड़ाई में हिस्सा लेने के लिए मैदान में हैं। अब तक अनुमानित 60 व्यक्तियों ने इस चुनाव में अपनी दावेदारी पेश की है। नामांकन पत्रों की वापसी की अवधि 30 अक्टूबर तक है, जिससे और भी नए नामांकन आ सकते हैं। निर्वाचन आयोग ने इस चुनाव के लिए सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली हैं।

इन उपचुनावों में मुख्य रूप से तीन प्रमुख राजनीतिक दल, आम आदमी पार्टी (AAP), भारतीय जनता पार्टी (भाजपा), और कांग्रेस के बीच मुकाबला है। उपचुनाव बरनाला, गिद्दड़बाहा, चब्बेवाल और डेरा बाबा नानक विधानसभा क्षेत्रों में होने हैं। इन सीटों पर चुनाव इसलिए हो रहे हैं क्योंकि पूर्व विधायक अब सांसद बन गए हैं, जिसके चलते ये सीटें रिक्त हो गई थीं। राजनैतिक परिदृश्य में एक महत्वपूर्ण बदलाव यह है कि शिरोमणि अकाली दल (SAD) इस बार 1992 के बाद चुनावी मैदान से बाहर है। हालांकि, कई उम्मीदवार अब भाजपा में शामिल हो गए हैं जो SAD के पूर्व सदस्य थे।

गिद्दड़बाहा विधानसभा क्षेत्र में सबसे अधिक उम्मीदवारों की संख्या देखी गई है, जहां 20 लोगों ने नामांकन भरा है। इसके बाद बरनाला में 18 और डेरा बाबा नानक में 14 नामांकन प्राप्त हुए हैं। चब्बेवाल सीट पर मात्र 8 उम्मीदवार हैं। इसके अलावा, आम आदमी पार्टी की बरनाला सीट पर अंदरूनी बगावत भी देखने को मिली। जिला योजना कमेटी के पूर्व चेयरमैन गुरदीप बाठ ने यहाँ टिकट वितरण को लेकर नाराजगी जताई है, जिससे उन्होंने इस्तीफा देकर चुनावी मैदान में उतरने का निर्णय लिया है।

उम्मीदवारों के नाम पर अगर नजर डालें, तो गिद्दड़बाहा में अमृता वड़िंग (कांग्रेस), मनप्रीत बादल (भाजपा), और हरदीप सिंह डिंपी ढिल्लों (AAP) शामिल हैं। इसी तरह, डेरा बाबा नानक में जतिंदर कौर (कांग्रेस), रविकरण सिंह काहलों (भाजपा), और गुरदीप सिंह रंधावा (AAP) ने अपनी दावेदारी पेश की है। बरनाला में कुलदीप सिंह काला ढिल्लों (कांग्रस), केवल सिंह ढिल्लों (भाजपा), और हरिंदर सिंह धालीवाल (AAP) ने टिकट लिए हैं। चब्बेवाल में इशांक (AAP), सोहन सिंह ठंडल (भाजपा), और रंजीत कुमार (कांग्रेस) मुख्य उम्मीदवार हैं।

इस चुनावी प्रक्रिया के अंतर्गत, पंजाब के राजनीतिक परिदृश्य में नए समीकरण और घटनाक्रम देखने को मिलेंगे। यह उपचुनाव न केवल सीटों के लिए महत्वपूर्ण हैं, बल्कि राजनीतिक दलों के भविष्य को भी आकार देंगे। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि किस दल का उम्मीदवार इस चुनावी दंगल में अपनी सफलता का परचम लहराता है।