लुधियाना में बाइक सवार से हथियार के दम पर 15 हजार और मोबाइल की सनसनीखेज लूट!

पंजाब के लुधियाना शहर में पिछले कुछ समय से कारोबारियों और मजदूरों के लिए लूटपाट की घटनाएं चिंता का विषय बन गई हैं। हाल ही में नूरवाला रोड पर एक ऐसा ही मामला सामने आया, जिसमें तीन बाइक सवार बदमाशों ने एक राजमिस्त्री से हथियार के बल पर 15 हजार रुपये और उसका मोबाइल फोन लूट लिया। इस घटना के दौरान पीड़ित ने अपनी जान बचाने के लिए खुद ही लुटेरों को रुपये और मोबाइल सौंप दिए। यह वारदात पास में लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई, जिससे पुलिस को जांच में मदद मिल सकती है।

जानकारी के अनुसार, पीड़ित व्यक्ति अपने ठेकेदार से महीने का वेतन प्राप्त करके घर जा रहा था। उसकी पत्नी के भाई भिन्दर का कहना है कि यह व्यक्ति एक राजमिस्त्री का काम करता है। तभी जैन होजरी कॉम्प्लेक्स के निकट बदमाशों ने उसे घेर लिया। बदमाशों ने उसे शर्ट के कॉलर से खींचकर बाइक से नीचे गिरा दिया और उसे धारदार हथियार दिखाकर जान से मारने की धमकी दी। ऐसी स्थिति में भिन्दर ने अपनी जान बचाने के लिए लुटेरों को मोबाइल फोन और रुपये दे दिए। उसने बताया कि उसकी मोबाइल के कवर में ही वह राशि रखी हुई थी, जो उसने ठेकेदार से प्राप्त की थी।

इस बारदात से इलाके के कारोबारी आर.के सेठी ने नाराजगी जताई और कहा कि यह घटना पहली बार नहीं हुई है। बार-बार मजदूरों को इस तरह लूटा जा रहा है, जिससे उनके मन में भय का माहौल बना हुआ है। सेठी ने बताया कि पुलिस की गश्त की कमी के कारण बदमाश इस तरह की घटनाएं करने में हिम्मत दिखा रहे हैं। उन्‍हें प्रशासन और सरकार से मांग है कि लूट-खसोट की घटनाओं को रोकने के लिए प्रभावी कदम उठाए जाएं।

लुधियाना में हो रही इस तरह की लूट की घटनाओं ने न केवल मजदूरों, बल्कि समस्त कारोबारियों के बीच भय का वातावरण बना दिया है। अगर यही स्थिति बनी रही, तो इसका सीधा असर उद्योग और व्यापार पर पड़ेगा। स्थानीय निवासियों और व्यवसायियों का मानना है कि शासन और प्रशासन को इस मामले में गंभीरता से विचार करना चाहिए ताकि भविष्य में ऐसे मामलों की पुनरावृत्ति न हो सके और जनता का विश्वास अधिकारियों पर बढ़ सके।

इस संदर्भ में, पीड़ित भिंदर ने आज थाना मेहरबान में अपनी शिकायत दर्ज कराने का निर्णय लिया है। पुलिस को ऐसी घटनाओं की रोकथाम के लिए ठोस कदम उठाने की आवश्यकता है ताकि आम जनता खुद को सुरक्षित महसूस कर सके। कानून-व्यवस्था की स्थिति के सुधार के लिए अगर ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो लूटपाट की वारदातें बढ़ने की संभावना है। इस गंभीर समस्या का समाधान करना समय की आवश्यकता बन गई है।