पनबस कर्मचारियों के लिए खुशखबरी: सैलरी में 5% बढ़ोतरी का ऐलान!

पंजाब सरकार ने पनबस के कॉन्ट्रैक्ट वर्करों के वेतन में 5 प्रतिशत की वृद्धि करने का निर्णय लिया है। यह वृद्धि केवल उन कर्मचारियों को ही मिलेगी जो 1 नवंबर 2024 तक एक वर्ष की सेवा पूरी कर चुके होंगे। इस संबंध में सरकार ने आवश्यक आदेश जारी कर दिए हैं। यह वृद्धि बस ड्राइवर, कंडक्टरों और वर्कशॉप में काम कर रहे कर्मियों जैसे विभिन्न श्रेणियों के कर्मचारियों पर लागू होगी। यह निर्णय इसी महीने से प्रभावी होगा, जिससे कर्मचारियों को कुछ राहत मिलने की उम्मीद है।

कर्मचारी लंबे समय से वेतन वृद्धि की मांग कर रहे थे, क्योंकि उनकी आर्थिक स्थिति लगातार खराब होती जा रही थी। उनकी शिकायत यह थी कि कम वेतन में परिवार का खर्च चलाना बेहद कठिन हो गया है। ऐसी परिस्थितियों में, उन्होंने कई बार हड़ताल करने के जरिए अपनी नाराजगी और समस्याओं को उठाया। इसके फलस्वरूप, निदेशक मंडल ने इस मुद्दे पर गंभीरता से विचार किया और इस संबंध में प्रस्ताव लाकर सर्वसम्मति से इसे पास किया गया है। आदेश की संस्तुति सात अलग-अलग विभागों को भी भेजी जा चुकी है।

इसके अतिरिक्त, पंजाब रोडवेज, पनबस और पीआरटीसी कॉन्ट्रैक्ट वर्कर्स यूनियन की एक महत्वपूर्ण बैठक परिवहन मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर की अध्यक्षता में आयोजित की गई। इस बैठक में कर्मचारियों को सेवा नियमों के तहत स्थायी करने की नीति बनाने पर चर्चा हुई। इसके लिए पंजाब के एडवोकेट जनरल को संबंधित फाइल भेजी जाएगी ताकि प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा सके।

मंत्री और उच्च अधिकारियों के साथ बैठक 25 जनवरी को आयोजित की गई थी, जिसमें यूनियन के प्रतिनिधियों के साथ कानूनी नियमों के अनुसार बैठक का आयोजन 3 फरवरी को किया जाएगा। इस बैठक में कर्मचारियों के स्थायीकरण और उनकी वेतन वृद्धि को लेकर अंतिम सहमति बनाई जाएगी। यह सभी प्रक्रियाएं सुनिश्चित करेंगी कि कर्मचारियों की समस्याओं का समाधान किया जा सके और उनकी आर्थिक स्थिति में सुधार किया जा सके।

इस छोटे से कदम के साथ, प्रदेश की सरकार ने एक बार फिर यह संकेत दिया है कि वह अपने कर्मचारियों की भलाई के लिए गंभीर है और उनके हक की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। आने वाले समय में यदि यह प्रक्रिया सुचारू रूप से चलती है तो इससे राज्य के परिवहन सेवाओं में कार्यरत कर्मचारियों के मनोबल में वृद्धि होगी। इससे न केवल कर्मचारियों को आर्थिक सहायता मिलेगी, बल्कि इससे कार्य की गुणवत्ता और सेवाओं में भी सुधार होगा।