**लुधियाना-फिरोजपुर हाईवे पर फायरिंग का मामला: गैंगस्टर धरमिंदर सिंह को लाया गया रिमांड पर**
लुधियाना-फिरोजपुर हाईवे पर स्थित राजा ढाबा पर हुई फायरिंग के सिलसिले में पुलिस ने निष्चित कार्रवाई करते हुए गैंगस्टर धरमिंदर सिंह उर्फ बाजी को पकड़ा है। अमृतसर जेल में बंद इस आरोपी को प्रोडक्शन वारंट के माध्यम से जगराओं लाया गया है। जानकारी के अनुसार, पुलिस ने अदालत में पेशी के बाद तीन दिन के रिमांड पर उसे रखा है। पुलिस सूत्रों ने बताया कि बाजी, जो गांव दोसांझ महिणा का निवासी है, वर्तमान में कई मामलों में अमृतसर जेल में कैद है। यह संदेह है कि उसने जेल के भीतर रहकर अपने साथियों के माध्यम से राजा ढाबा की पार्किंग में फायरिंग का आदेश दिया।
फायरिंग की घटना बुधवार की रात को हुई थी, जब कार में सवार दो युवक अचानक कार से बाहर निकल कर दोनों हाथों में रिवॉल्वर पकड़कर हवा में गोलियां चलाने लगे थे। इस घातक वारदात से ढाबा में काम कर रहे लोग और वहां मौजूद अन्य सभी व्यक्तियों में भय और दहशत का माहौल बन गया था। यह पूरा घटनाक्रम वहां लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गया था, जिसमें स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है कि दोनों आरोपी रिवॉल्वर से गोलियाँ चलाते हुए भयावहता फैलाने का प्रयास कर रहे थे। घटना के बाद दोनों आरोपी जगराओं की दिशा में भाग निकले थे।
पुलिस ने इस मामले में ढाबा मालिक के बयानों के आधार पर अज्ञात कार चालकों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है और अनुसंधान प्रारंभ कर दिया है। इस दौरान, फायरिंग करने वालों की गाड़ी का नंबर भी पुलिस के हाथ लगा है, हालांकि पुलिस को संदेह है कि ये नंबर जाली हो सकता है। यह बात इस जांच को और पेचीदा बनाती है, क्योंकि पुलिस को अब जांच के दौरान यह निर्धारित करना है कि क्या ये आरोपी अन्य अपराधों में भी संलग्न हैं।
पुलिस लगातार इस मामले की गहनता से जांच कर रही है और इस दौरान गैंगस्टर धरमिंदर सिंह की गतिविधियों को भी ट्रैक किया जा रहा है। हालांकि फायरिंग की वजह और इसके पीछे के मंसूबों का खुलासा अभी तक नहीं हो पाया है, लेकिन पुलिस अधिकारी इस बात पर जोर दे रहे हैं कि गैंगस्टर जेल से भी अपने गिरोह का संचालन कर सकता है। इस जघन्य घटना ने सभी को चिंता में डाल दिया है और अब पुलिस ने सुरक्षा को और कड़ा करने के संकेत दिए हैं ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।