**भास्कर न्यूज | अमृतसर की दुर्ग्याणा तीर्थ में ‘होरी के रंग ठाकुर जी के संग’ उत्सव का आयोजन**
अमृतसर के दुर्ग्याणा तीर्थ मंदिर में रविवार शाम को ‘होरी के रंग ठाकुर जी के संग’ उत्सव का आयोजन किया गया। इस अवसर पर लट्ठमार होली का विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें राधा माधव संकीर्तन मंडल ने हरिनाम संकीर्तन प्रस्तुत किया। यह भव्य उत्सव 15 मार्च तक प्रतिदिन शाम को जारी रहेगा, जिसका उद्देश्य भक्तों के बीच होली के रंग भरना है।
उत्सव की खासियत बरसाने की तर्ज पर लट्ठमार होली का आनंद था। भक्तों ने पूरे उत्साह के साथ इस परंपरा को जीवित रखा। शाम 5 बजे से रात तक चले संकीर्तन में जतिन मेहरा ने अपनी सुरीली आवाज में कई भजन गाए, जिनमें से विशेष रूप से ‘रंग होरी मची नंदगांव’ भजन ने सभी भक्तों को मंत्रमुग्ध कर दिया। उनका गायन न केवल भक्तों के मन को भा गया, बल्कि वातावरण को भी भक्ति की लहर में रंग दिया।
इस भव्य उत्सव की शुरुआत पंडितों द्वारा ठाकुर जी की आरती से हुई। आरती के बाद भक्तों ने ठाकुर जी को भोग अर्पित किया। इस दौरान मंदिर में आए सभी भक्तों को प्रसाद वितरित किया गया, जिससे सभी ने मिल-जुलकर इस उत्सव का आनंद लिया। भक्तों की संख्या इस अवसर पर काफी अधिक रही, जिसने मंदिर परिसर को एक भक्ति प्रधान वातावरण में बदल दिया।
इन कार्यक्रमों का मुख्य उद्देश्य भक्तों को एकजुट करना और उनके मन में होली के त्योहार की खुशियां फैलाना है। यह उत्सव अमृतसर में हर वर्ष बड़े धूमधाम से मनाया जाता है, जिसमें लोग पूरे श्रद्धा और जोश के साथ भाग लेते हैं। इस वर्ष भी भक्तों ने उत्सव में अपनी सक्रिय भागीदारी दिखाकर इसे सफल बनाया।
इस प्रकार, दुर्ग्याणा तीर्थ में आयोजित ‘होरी के रंग ठाकुर जी के संग’ उत्सव न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक है, बल्कि यह समाज के विभिन्न वर्गों को एकजुट करके एकजुटता और भाईचारे का संदेश भी देता है। आगामी दिनों में भी इस उत्सव के दौरान अनेक धार्मिक गतिविधियाँ और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिससे भक्तों को और भी आनंद मिले।