सीकर जिले में सतर्कताजनक लेकिन दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां एक 9 वर्षीय बच्ची के साथ दुष्कर्म की वारदात हुई है। यह घटना उस समय घटी जब मासूम अपने नाबालिग भाइयों के साथ घर के करीब खेल रही थी। आरोपी ने उसे चॉकलेट देने का लालच देकर अपने साथ एक खाली खंडहर में ले जाने की योजना बनाई। जैसा कि जानकारी मिल रही है, बच्ची की माता-पिता दिन के समय मजदूरी के काम से बाहर गए हुए थे। शाम को जब वे घर लौटे तो उन्हें अपनी बेटी नहीं मिली, जिसके चलते वे उसकी खोजबीन में जुट गए। इसी दौरान, बच्ची के छोटे भाई ने बताया कि उसने अपनी दीदी को खंडहर में देखा था। इसके बाद जब परिजन वहां पहुंचे, तो बच्ची को बेसुध हालत में पाया गया।
घटना का विवरण बताते हुए यह स्पष्ट होता है कि पीड़ित परिवार एक किराए के मकान में रहता है और माता-पिता दोनों मजदूरी करके अपने परिवार का गुजर-बसर करते हैं। बुधवार की सुबह जब दंपती अपने काम पर गए, तब उनके तीन बच्चे घर पर थे, जिसमें 9 साल की बिटिया भी शामिल थी। आरोपी बुजुर्ग, जो मौके पर आया, उसने पहले बच्चों को पैसे देकर चॉकलेट लाने के लिए भेजा, जिससे वह बच्ची को अकेला पाकर उसे खंडहर में ले जा सका। वहां पर उसने मासूम के साथ न केवल दुष्कर्म किया बल्कि उसे उसकी इच्छा के खिलाफ वहां ले जाकर एक जघन्य अपराध किया।
सूचना मिलते ही पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और वहां नाबालिग का इलाज कराने के लिए उसे सीकर के जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। चिकित्सकों ने मासूम की स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्राथमिक उपचार देने के बाद उसे गहन चिकित्सा निगरानी में रखा। इस मामले में जैसे ही कलेक्टर मुकुल शर्मा और अन्य प्रशासनिक अधिकारी अस्पताल पहुंचे, उन्होंने बच्ची की देखभाल और घटना की जानकारी लेकर मामले की गंभीरता को समझने का प्रयास किया।
पुलिस ने तुरंत आरोपी की पहचान और गिरफ्तारी के लिए काम शुरू किया। आसपास के इलाकों में लगे CCTV कैमरों की फुटेज को खंगालने पर एक बुजुर्ग व्यक्ति को देखा गया, जिसके आधार पर पुलिस ने उसकी छानबीन शुरू कर दी है। आरोपित की गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं और पुलिस टीम विभिन्न स्थानों पर छापामार कार्रवाई कर रही है।
यह न केवल एक व्यक्तिगत अपराध है, बल्कि समाज की सुरक्षा को लेकर भी कई गंभीर सवाल खड़े करता है। ऐसी घटनाएं एक बार फिर यह दिखाती हैं कि हमें अपने बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए कितनी सावधानी बरतने की जरूरत है। स्थानीय प्रशासन और पुलिस अधिकारियों द्वारा इस मामले की गहन जांच और शांति बनाए रखने के लिए सभी संभव प्रयास किए जा रहे हैं, ताकि ऐसे अपराधों की पुनरावृत्ति को रोका जा सके।