साउथ इंडस्ट्री का मजाक उड़ा, अब बॉलीवुड पर हावी हो रही उसके हीरो की तस्वीर

टीवी सीरियल्स की जानी-मानी एक्ट्रेस श्वेता तिवारी की बेटी पलक तिवारी इस समय बॉलीवुड में अपनी पहचान बनाने की कोशिश कर रही हैं। पलक जल्द ही फिल्म ‘रोमियो S3’ में नजर आएंगी। इस फिल्म में उनके साथ अभिनेता ठाकुर अनूप सिंह मुख्य किरदार में होंगे। अनूप जो पेशे से पायलट रह चुके हैं, ने पहले भी टेलीविजन और फिल्मों में काम किया है और वे इस इंडस्ट्री में एक प्रमुख चेहरा बन चुके हैं। फिल्म का निर्देशन गुड्डू धनोआ ने किया है, जो पहले भी कई सफल प्रोजेक्ट्स का हिस्सा रह चुके हैं। हाल ही में ठाकुर अनूप सिंह और गुड्डू धनोआ ने दैनिक भास्कर के साथ एक विशेष बातचीत की, जिसमें उन्होंने ‘रोमियो S3’ के अनुभवों पर चर्चा की।

ठाकुर अनूप सिंह ने कहा कि फिल्म ‘रोमियो S3’ में काम करना उनके लिए एक अविस्मरणीय अनुभव साबित हुआ है। हर अभिनेता का सपना होता है कि उनकी पहली फिल्म एक खास प्रोजेक्ट का हिस्सा हो, और अनूप के लिए यह सपना सच हुआ है। उन्होंने निर्माता जयंतीलाल गड़ा और निर्देशक गुड्डू धनोआ के साथ काम करने को भाग्यशाली बताया। अनूप ने इस फिल्म में डबल रोल निभाया है और उन्होंने कहा कि शूटिंग से पहले उन्होंने निर्देशक के साथ काफी तैयारी की थी। इस प्रक्रिया ने उन्हें किरदारों की गहराई समझने में मदद की और वास्तविकता को स्क्रीन पर लाने में सहायक सिद्ध हुई।

गुड्डू धनोआ ने बताया कि ‘रोमियो S3’ एक अलग तरह की फिल्म है जो एक्शन और थ्रिलर से भरपूर है। यह कहानी एक पुलिस अधिकारी की है, जो ऑपरेशन में उन लोगों को खोजता है, जो देश और गोवा के लिए खतरा बने हुए हैं। गुड्डू ने कहा कि यह उनके लिए एक नई चुनौती थी, क्योंकि उन्होंने पहले परिवार-आधारित ड्रामा फिल्मों का निर्देशन किया था। फिल्म में अनूप द्वारा निभाए गए किरदार की आत्मा को पकड़ना और पलक का प्रदर्शन भी बहुत अच्छा रहा है। गुड्डू ने फिल्म की आदर्श परिकल्पना के बारे में भी बताया, जिसमें उन्होंने कहा कि यह फिल्म जयंतीलाल गड़ा द्वारा निभाए गए वादे के तहत बनी है, जिसमें अनूप की भूमिका पहले से निर्धारित थी।

सिनेमाई अनुभव के बारे में बात करते हुए, अनूप ने कहा कि सेट पर उनकी और पलक की बॉंडिंग शानदार थी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि शूटिंग के दौरान किसी भी सीन को परफेक्ट करने के लिए कभी कोई डांट नहीं पड़ी, क्योंकि वे हमेशा तैयारी के साथ सेट पर पहुंचते थे। गुड्डू सर ने उन्हें यह स्वतंत्रता दी कि वे अपनी शैली से सीन को परिभाषित कर सकें। ऐसे में दोनों का संवाद हमेशा खुले विचारों के साथ हुआ और इससे उनके काम में गुणवत्ता आई।

बॉलीवुड और साउथ इंडस्ट्री के बीच हो रही बहस पर अनूप ने कहा कि यह सिर्फ एक भाषा की समस्या है। वे मानते हैं कि फिल्म निर्माण के मूल सिद्धांत हर जगह समान हैं। उन्होंने साउथ की फिल्मों के पारिवारिक मूल्यों की सराहना की और इसे हिंदी फिल्मों में अक्सर नजरअंदाज किए जाने का उल्लेख किया। अनूप ने इस बदलाव को लेकर भी चर्चा की कि साउथ की फिल्में अब बॉलीवुड में भी अच्छा प्रदर्शन कर रही हैं।

इस प्रकार, ‘रोमियो S3’ ना केवल एक फिल्म है, बल्कि यह बॉलीवुड के नए स्वरूप की भी ओर इशारा करती है, जहां नए चेहरों को मौका दिया जा रहा है और दर्शकों की उम्मीदों पर खरा उतरने की कोशिश की जा रही है।