स्क्रूटनी के उपरान्त जिलाधिकारी द्वारा 8 आवेदनों को सैद्धांतिक स्वीकृति प्रदान की गयी, जबकि शेष 02 आवेदनों में सम्बन्धित विभागीय अनापत्तियां शामिल कर आगामी बैठक में प्रस्तुत करने के निर्देश दिये गये। जिलाधिकारी ने महाप्रबंधक उद्योग को निर्देश दिये कि औद्योगिक इकाइयों की श्रेणी के अनुसार अनिवार्य विभागीय अनापत्ति की चेकलिस्ट तैयार करें, ताकि आवेदनों का पारदर्शी एवं स्पष्ट अवलोकन किया जा सके।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी गिरीश गुणवंत, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. शिवमोहन शुक्ला, महाप्रबंधक उद्योग सोमनाथ गर्ग, जिला पर्यटन विकास अधिकारी खुशाल सिंह नेगी, प्रबंधक उद्योग राजेन्द्र प्रकाश आर्य आदि शामिल रहे।