उन्होंने कहा यह गर्व की बात है कि सिंधी समाज का कोई भी व्यक्ति भिक्षावृत्ति करते नहीं मिलता है। सिंधी समाज ने देश में अपने लिए जो विश्वास बनाया है वह अद्वितीय है। साथ ही कहा कि 2 पीढि़यों से सिंधी समाज से उनका गहरा नाता रहा है। सिंधुघाटी सभ्यता और उसके बाद की संघर्षमय परिस्थितियों ने आज पूरे देश में व्यापार व व्यवसाय में जो स्थान बनाया है वह सिंधी समाज ही है। मंत्री सिंह ने कहा कि जिस उद्देश्य से इस कार्य समिति की बैठक कर रहे हैं उसके उद्देश्य की पूर्ति हो।