आपदा में राहत कार्यों में उत्कृष्ट योगदान करने वालों को मिला सम्मान

समर्थ अभियान के तहत आपदा-रोधी निर्माण एवं भवन मॉडल प्रदर्शनी वाद-विवाद प्रश्नोत्तरी पोस्टर-निर्माण एवं चित्रकला प्रतियोगिताएँ भी आयोजित की गईं। इस अवसर पर मुख्यातिथि एडीएम शिल्पी बेक्टा ने विद्यालयों एवं महाविद्यालयों की सक्रिय भागीदारी तथा विभिन्न एजेंसियों के उत्कृष्ट समन्वय की सराहना करते हुए कहा कि “समर्थ मेला जिला-स्तर पर आपदा प्रबंधन, शिक्षा संस्थानों और समुदाय के बीच एक सशक्त समन्वय का उदाहरण है। उन्होंने कहा कि आपदा से प्रबंधन के लिए तैयारी, सहयोग और सामुदायिक सजगता अत्यंत जरूरी है।

उन्होंने कहा कि जिला में आपदा प्रबंधन को लेकर स्कूल स्तर तथा पंचायत स्तर तक जागरूकता अभियान आरंभ किए गए हैं।

एडीएम ने कहा कि आपदाओं से बचने के लिए सुरक्षित भवन निर्माण भी अत्यंत जरूरी है तथा इस के लिए कांगड़ा जिला में पंचायत स्तर के मिस्त्रियों को भूंकपरोधी निर्माण के लिए प्रशिक्षित भी किया जा रहा है। इस अवसर पर राजकीय महाविद्यालय के प्रिंसिपल संदीप कुमार, प्रो. अजय कुमार, नोडल अधिकारी, राजकीय महाविद्यालय मटौर तथा रॉबिन कुमार, डीईओसी समन्वयक, जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण उपस्थित थे।