नई दिल्ली, 14 जनवरी । दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने संगठित बैंक धोखाधड़ी और जालसाजी के मामलों में 18 वर्षों से फरार चल रहे एक अपराधी को गिरफ्तार किया है। आरोपित लंबे समय से फर्जी पहचान के सहारे कानून से बचता फिर रहा था।
क्राइम ब्रांच के पुलिस उपायुक्त हर्ष इंदौरा ने बुधवार को बताया कि गिरफ्तार आरोपित की पहचान अमित निश्चल उर्फ सनी उर्फ सोनू चौहान (48) के रूप में हुई है। वह मूल रूप से जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश का रहने वाला है। आरोपित थाना डीबीजी रोड में दर्ज वर्ष 2001 के एक मामले में वांछित था। जिसमें चोरी, धोखाधड़ी, जालसाजी और आपराधिक साजिश की धाराएं लगी थीं। इस मामले की जांच पहले स्पेशल सेल द्वारा की गई थी।
पुलिस उपायुक्त ने बताया कि क्राइम ब्रांच की टीम लंबे समय से संगठित अपराध और आर्थिक अपराधों में शामिल फरार अपराधियों की तलाश में जुटी हुई थी। इसी दौरान एक गुप्त सूचना के आधार पर आरोपित की गतिविधियों का तकनीकी और मैदानी स्तर पर सत्यापन किया गया। जांच में पता चला कि आरोपित हिमाचल प्रदेश के मनाली क्षेत्र में फर्जी पहचान के साथ रह रहा है।
सूचना की गंभीरता को देखते हुए इंस्पेक्टर अक्षय के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई। टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मनाली में दबिश दी और आरोपित को धर दबोचा। बाद में उसे संबंधित अदालत में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, आरोपित पेशेवर ठगों के एक गिरोह का हिस्सा था, जो चोरी और जाली बैंक ड्राफ्ट के जरिए बैंक धोखाधड़ी को अंजाम देता था। वह मुंबई में भी इसी तरह के मामलों में शामिल रहा है और वर्ष 2002 में एक लूट के मामले में गिरफ्तार हो चुका था। जमानत पर रिहा होने के बाद वह दिल्ली से फरार हो गया।