प्रयागराज, 10 फरवरी । इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने महोबा के पुलिस अधीक्षक रहे पूर्व आईपीएस अधिकारी मणिलाल पाटीदार के खिलाफ चल रहे आपराधिक केसों की प्रक्रिया पर रोक लगा दी है। कोर्ट ने विपक्षी पार्टियों को नोटिस जारी की है तथा उसे याचिका पर जवाब लगाने के लिए दो सप्ताह का समय दिया है।
याचिका दाखिल कर धारा 174ए आईपीसी के तहत थाना कोतवाली नगर जिला महोबा में दर्ज मुक़दमा तथा स्पेशल जज भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम कोर्ट लखनऊ द्वारा याची को तलब किये जाने के आठ अगस्त 2023 के आदेश को चुनौती दी गई है। कहा गया है कि 22 जुलाई 2021 को दर्ज मुकदमा झूठे और मनगढ़ंत आरोपों पर दर्ज किया गया है। याची को परेशान करने की नियत से ऐसा किया गया है।
कहा गया कि लखनऊ कोर्ट द्वारा याची को सम्मन करने का आदेश बिना तथ्यों व परिस्थितियों पर विचार किए बग़ैर किया गया है। हाईकोर्ट ने प्रथम दृष्ट्या मामले को विचारणीय पाते हुए पक्षकारों को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है तथा अग्रिम आदेशों तक जारी केस की आपराधिक प्रक्रिया पर रोक लगा दी है।
यह आदेश न्यायमूर्ति संजय कुमार पचौरी ने पूर्व आईपीएस मणिलाल पाटीदार की तरफ से धारा 528 भारतीय न्याय सुरक्षा संहिता के अंतर्गत दायर याचिका पर सभी पक्षों को सुनकर पारित किया। हाईकोर्ट इस याचिका पर आठ सप्ताह बाद पुनः सुनवाई करेगी।