कुल्लू, 11 फ़रवरी । कुल्लू जिले के भुंतर में श्रद्धेय पंडित दीनदयाल उपाध्याय के बलिदान दिवस पर आयोजित “समर्पण दिवस” कार्यक्रम में शामिल होते हुए पूर्व मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने प्रदेश की कांग्रेस सरकार और मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू पर तीखा हमला बोला। कार्यक्रम में उन्होंने पंडित दीनदयाल उपाध्याय को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि उनके अंत्योदय और एकात्म मानववाद के विचार समाज के अंतिम व्यक्ति के उत्थान के लिए प्रेरणा देते हैं।
इस मौके पर जयराम ठाकुर ने कहा कि मुख्यमंत्री पद की अपनी गरिमा होती है, लेकिन वर्तमान मुख्यमंत्री उसे बनाए रखने में असफल रहे हैं और बेवजह की राजनीतिक बयानबाजी कर रहे हैं। उन्होंने राजस्व घाटा अनुदान (आरडीजी) के मुद्दे पर सरकार को घेरते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यकाल में हिमाचल प्रदेश को पहले की तुलना में कहीं अधिक आर्थिक सहायता मिली है। उनके अनुसार 2010 से 2014 के बीच मनमोहन सिंह सरकार के समय हिमाचल को लगभग 7800 करोड़ रुपये की आरडीजी मिली थी, जबकि 2015 से 2020 के बीच मोदी सरकार के दौरान यह राशि करीब 45 हजार करोड़ रुपये तक पहुंची।
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि 14वें और 16वें वित्त आयोग ने पहले ही स्पष्ट कर दिया था कि आरडीजी को धीरे-धीरे कम किया जाएगा और राज्यों को अपने संसाधन बढ़ाने होंगे, लेकिन राज्य सरकार ने समय रहते उचित मंच पर अपना पक्ष मजबूती से नहीं रखा। उन्होंने आरोप लगाया कि अब जब हिमाचल सहित कई राज्यों की आरडीजी बंद हुई है, तो कांग्रेस सरकार इसे केंद्र की साजिश बताकर जनता को गुमराह कर रही है।
जयराम ठाकुर ने कहा कि कांग्रेस ने चुनाव के दौरान कई गारंटियां घोषित कर दीं, लेकिन अब उनके आर्थिक बोझ को केंद्र पर डालने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य सरकार अपने वित्तीय कुप्रबंधन का दोष केंद्र पर डाल रही है और जनता पर टैक्स बढ़ाने तथा सुविधाएं कम करने की तैयारी कर रही है। उन्होंने यह भी कहा कि उनकी सरकार के समय आरडीजी का उपयोग विकास कार्यों और जनहित योजनाओं जैसे हिमकेयर, सहारा और शगुन योजनाओं के लिए किया गया था, जिन्हें वर्तमान सरकार ने बजट की कमी बताकर बंद कर दिया।
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि विपक्ष के रूप में वे सरकार की नीतियों के खिलाफ जनता की आवाज उठाते रहेंगे और मुख्यमंत्री को सलाह दी कि वे आरोप-प्रत्यारोप से हटकर प्रदेश के हितों पर ध्यान दें। कार्यक्रम में पूर्व सांसद महेश्वर सिंह और कई वरिष्ठ भाजपा नेता भी उपस्थित रहे।