लखनऊ, 19 फरवरी । उत्तर प्रदेश पिछड़ा वर्ग राज्य आयोग के अध्यक्ष राजेश वर्मा ने गुरुवार को इंदिरा भवन स्थित आयोग कार्यालय में विभिन्न जनपदों से प्राप्त 25 शिकायतों एवं पत्रावलियों पर जनसुनवाई कर समस्याओं का निस्तारण किया। सुनवाई के दौरान कई मामलों में सम्बंधित अधिकारियों को निर्देश जारी किए गए तथा कुछ प्रकरणों में तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित कराई गई।
लखनऊ निवासी रामआसरे सिंह के मामले में उपनिदेशक व्यावसायिक शिक्षा एवं कौशल विकास मिशन पद पर चयन के बावजूद कार्यभार न दिलाए जाने की शिकायत पर आयोग ने संज्ञान लिया। निदेशक कौशल विकास मिशन की अनुपस्थिति पर नाराजगी व्यक्त करते हुए उपस्थित अधिकारी को कार्यभार ग्रहण कराए जाने के बाद आयोग को अवगत कराने के निर्देश दिए गए।
आजमगढ़ निवासी सोहित यादव के मामले में उपजिलाधिकारी ने अवगत कराया कि भूमि सीमांकन कर पत्थरगड़ी कराते हुए प्रकरण का निस्तारण कर दिया गया है। सहारनपुर के राजीव सैनी के मामले में विकास प्राधिकरण द्वारा नक्शा पास न किए जाने पर सुनवाई हुई, जिसमें पैरामाउंट हाउसिंग सोसाइटी के निदेशक के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कराने के निर्देश दिए गए।
बाराबंकी के प्रवीन कुमार के मामले में पुलिस अधीक्षक की ओर से अवगत कराया गया कि निष्पक्ष जांच के लिए विवेचना क्षेत्राधिकारी फतेहपुर से हटाकर क्षेत्राधिकारी हैदरगढ़ को सौंप दी गई है। वहीं बरेली के जगन्नाथ प्रसाद गंगवार प्रकरण में अधिकारियों ने बताया कि प्लॉट आवंटन के बाद रजिस्ट्री कर कब्जा लिया जा सकता है, जिसके बाद शिकायत का निस्तारण कर दिया गया। अन्य मामलों में अधिकारियों को त्वरित कार्यवाही करने के निर्देश दिए हैं।