जयपुर, 31 मार्च । आमजन को मौसम की सटीक जानकारी देने के लिए प्रदेश भर में लगे वेदर सिस्टम को अपग्रेड किया जा रहा है। अभी तक 30 स्टेशनों के वेदर सिस्टम को अपग्रेड कर दिया गया है और बाकी 2 को अपग्रेड करने का काम जारी है। सिस्टम के अपग्रेड होने पर मौसम वैज्ञानिक रियल टाइम वेदर मॉनिटरिंग-ऑब्र्जवेशन कर किसानों को मौसम की सटीक जानकारी दे पाएंगे ताकि उनकी फसलों को मौसम से होने वाले नुकसान से बचाया जा सके।
मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक राधेश्याम शर्मा ने बताया कि प्रदेश में कुल 40 वेदर स्टेशन बने हुए है। इनमें से 32 को अपग्रेड करने का काम साल 2020 में शुरू किया गया था वेदर स्टेशन के अपग्रेड होने पर वेदर फॉरकास्ट करने में आसानी होगी। अपग्रेड स्टेशनों से तापमान, वातावरण में नमी, वायुदाब और वर्षामापी से सही और सटीक जानकारी तुरंत मिल जाएगी। ऐसे में मौसम की स्थिति के आधार पर बचाव राहत सहित अन्य प्रकार के कदम समय पर उठाए जा सकेंगे। उन्हाेंने बताया कि साल 2020 से पहले जिन जिलों में वेदर स्टेशन नहीं थे वहां पर नए स्टेशन स्थापित किए गए है। ताकि इन जिलों की मौसम की जानकारी मिल सके। पूर्व में बड़े शहरों के अलावा कुछ चुनिंदा स्थानों पर ही वेदर स्टेशन बने हुए थे। एक वेदर सिस्टम को अपग्रेड करने में 2.5 से 3 लाख रुपए का खर्चा आएगा। ऐसे में 32 स्टेशनों को अपग्रेड करने पर करीब 90 लाख रुपए का खर्चा आएगा।