पूर्वोत्तर के लोगों के उत्पीड़न पर सुप्रीम कोर्ट ने सरकार को लगाई फटकार

नई दिल्ली, 08 अप्रैल । उच्चतम न्यायालय ने देशभर में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों के साथ जातीय उत्पीड़न पर रोक नहीं लगा पाने पर केंद्र सरकार को फटकार लगाई है। जस्टिस संजय कुमार की अध्यक्षता वाली बेंच ने कहा कि स्पष्ट दिशा-निर्देश के बावजूद सरकार चीजों को हल्के में ले रही है। मामले की अगली सुनवाई 15 जुलाई को होगी।

न्यायालय ने कहा कि 15 दिसंबर 2025 के बाद आपने इस सवाल पर कोई बैठक नहीं की, जबकि न्यायालय ने कहा था कि कम से कम एक बैठक कीजिए। सरकार से उम्मीद थी कि वो तीन महीने में एक बार बैठक जरुर कराएगी, लेकिन आपने नहीं कराया। बेंच ने इस बात पर चिंता जताई कि पूर्वोत्तर के लोगों के साथ देशभर में भेदभाव पर नियंत्रण नहीं किया जा सका है। जस्टिस संजय कुमार ने कहा कि व्हाट्सऐप पर एक वीडियो चल रहा है जिसमें गाना गाया जा रहा है कि आप हमें नेपाली कहें या चिंकी, लेकिन हम भारतीय हैं। कोर्ट ने कहा कि इस मसले पर व्यापक संवेदनशीलता की जरुरत है।

न्यायालय ने 17 फरवरी को केंद्र सरकार को निर्देश दिया था कि वो हर तीन महीने में मॉनिटरिंग कमेटी की एक बार बैठक कर स्थिति का जायजा लें। इस आदेश के बाद 15 मार्च को बैठक हुई थी, लेकिन बैठक के मिनट्स में इस बात का कहीं जिक्र नहीं है कि अगली बैठक कब होगी।