हरियाणा के युवक पर अमेरिका में मोस्ट वांटेड का ठप्पा: खालिस्तानी आतंकवादी हत्या की साजिश में फंसा!

अमेरिकी सरकार ने हाल ही में एक महत्वपूर्ण खुलासा किया है जिसमें न्यूयॉर्क में रह रहे सिख फॉर जस्टिस (SFJ) के आतंकी गुरपतवंत सिंह पन्नू की हत्या की साजिश के सम्बंध में हरियाणा के एक युवक विकास यादव का नाम सामने आया है। अमेरिकी फेडरल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन (FBI) ने विकास का मोस्ट वॉन्टेड पोस्टर जारी किया है, जिसमें उसकी तीन तस्वीरें हैं, जिनमें से एक में वह सेना की वर्दी में नजर आ रहा है। विकास यादव, जो 39 वर्ष का है, हरियाणा के रेवाड़ी जिले के प्राणपुरा गांव का निवासी है। जांच एजेंसियों का मानना है कि विकास भारतीय खुफिया एजेंसी रिसर्च एंड एनालिसिस विंग (RAW) में कार्यरत है और उसी ने पन्नू की हत्या की साजिश को अंजाम देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

अमेरिकी अधिकारियों का कहना है कि विकास पर आरोप है कि उसने पन्नू की हत्या के लिए भारतीय नागरिक निखिल गुप्ता को हायर किया। गुप्ता, जो पिछले वर्ष चेक गणराज्य में गिरफ्तार किया गया था, अब अमेरिकी कानून के दायरे में है। FBI के ‘मोस्ट वॉन्टेड’ पोस्टर में यह भी दावा किया गया है कि विकास ने इस साजिश को अंजाम देने के लिए ‘अमानत’ उपनाम का उपयोग किया। विकास ने पन्नू के रिहायशी पते और अन्य महत्वपूर्ण जानकारी को साझा किया। साथ ही, न्यूयॉर्क में इस हत्या के लिए अग्रिम भुगतान के तौर पर 15,000 डॉलर की राशि भेजने की भी योजना बनाई गई थी। इसे लेकर, 10 अक्टूबर 2024 को साउथ न्यूयॉर्क डिस्ट्रिक्ट कोर्ट ने विकास के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया है।

FBI के निदेशक क्रिस्टोफर रे ने इस केस को गंभीरता से लेते हुए कहा कि यह एक खतरनाक साजिश थी जिसमें अमेरिकी नागरिक की हत्या करने की कोशिश की गई थी। उन्होंने इस मामले में कार्रवाई करने की आवश्यकता पर बल दिया। अमेरिकी अटॉर्नी जनरल मेरिक बी गारलैंड ने भी सुरक्षा को लेकर चिंता व्यक्त की और कहा कि उनके विभाग इस प्रकार की गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं करेगा। साथ ही, अमेरिकी सरकार ने भारत के सहयोग की सराहना की है, जो उन्होंने इस मामले की जांच में किया है।

गुरपतवंत सिंह पन्नू की और भी दिलचस्प जानकारियाँ हैं। भारत सरकार ने 2019 में आतंकवादी गतिविधियों का संचालन करने के आरोप में उसके संगठन SFJ को गैरकानूनी घोषित कर दिया था। पन्नू पर आरोप है कि वह अलगाववादी विचारधारा को बढ़ावा दे रहा है और पंजाबी युवाओं को हथियार उठाने के लिए भड़काता है। 2020 में उसे आतंकवादी घोषित किया गया और उसके खिलाफ कई बार कानूनी कार्रवाई की जा चुकी है। पन्नू लगातार सोशल मीडिया के माध्यम से भड़काऊ बयान देता रहा है और कई बार युवाओं को खालिस्तान की मांग के लिए उकसाया है।

इसी प्रकार, सिख फॉर जस्टिस के आतंकी गुरपतवंत पन्नू ने हाल ही में पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान को खुली धमकी दी थी। पन्नू ने एक वीडियो में चंडीगढ़ में ब्लास्ट के आरोपियों की कानूनी सहायता करने की बात कही। यह सब इस बात का प्रमाण है कि आतंकवादी संगठन SFJ और उसके नेता पन्नू अपने कृत्यों से कैसे न केवल भारत की बल्कि अमेरिका की सुरक्षा पर भी खतरा उत्पन्न कर रहे हैं। इस घटनाक्रम से भारतीय और अमेरिकी सुरक्षा एजेंसियों के बीच बेहतर तालमेल की आवश्यकता और भी बढ़ जाती है।