CM मान की तस्करी-नशे पर गृहमंत्री शाह संग वार्ता: केंद्र से सहयोग की मांग

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने हाल ही में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में आयोजित वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग बैठक में हिस्सा लिया। इस महत्वपूर्ण बैठक का मुख्य उद्देश्य नशा तस्करी और राष्ट्रीय सुरक्षा जैसे ज्वलंत मुद्दों पर विचार-विमर्श करना था। बैठक में भारत के विभिन्न राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। चर्चा के दौरान नशा तस्करी और सुरक्षा के विभिन्न पहलुओं पर खुलकर विचार किया गया।

मुख्यमंत्री भगवंत मान ने गृह मंत्री अमित शाह को पंजाब की नशे के खिलाफ अपनाई गई सख्त नीतियों के बारे में अवगत कराया। उन्होंने बताया कि पंजाब, जो एक सीमावर्ती क्षेत्र में स्थित है, नशा तस्करी और इसके गंभीर परिणामों को रोकने के प्रति गंभीरता से कार्य कर रहा है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि राष्ट्रीय सुरक्षा और नशा तस्करी की समस्या को प्रभावी ढंग से सुलझाने के लिए राज्य और केंद्र सरकार के बीच सहयोग आवश्यक है। इस मुद्दे पर मान ने केंद्र सरकार से उचित समर्थन की प्रतीक्षा जताई है और आश्वस्त किया कि पंजाब इस दिशा में मिलकर कार्य करने के लिए संकल्पित है।

पंजाब की भौगोलिक स्थिति के कारण, राज्य नशा तस्करी के प्रभाव से भलीभांति परिचित है। बैठक के दौरान, मुख्यमंत्री ने उल्लेख किया कि राज्य सरकार ने इस चुनौती से निपटने के लिए कठोर कदम उठाए हैं। उन्होंने कहा कि सीमाओं पर सुरक्षा को बढ़ाने के लिए निगरानी में सुधार किया जा रहा है, तथा नशे के खिलाफ जागरूकता बढ़ाने के लिए विशेष अभियान चलाए जा रहे हैं। उन्होंने अन्य राज्यों से भी आग्रह किया कि वे इस गंभीर समस्या के समाधान के लिए एकजुट होकर प्रयास करें।

यह बैठक न केवल नशा तस्करी की समस्या को समाप्त करने के प्रति समर्पित मानी जा रही है, बल्कि देश की सुरक्षा को मजबूत बनाने का एक महत्वपूर्ण कदम भी है। भगवंत मान की इस बैठक में नशा तस्करी की चुनौतियों के खिलाफ ठोस कदम उठाने का संकल्प दर्शाता है और यह स्पष्ट रूप से बताता है कि पंजाब राज्य नशा तस्करी के खिलाफ अभियान को लेकर कितनी गंभीरता से कार्य कर रहा है।

अब यह देखना दिलचस्प होगा कि इस बैठक के परिणाम स्वरूप किन ठोस नीतियों और उपायों को लागू किया जाएगा और कैसे सभी राज्य इस समस्या के समाधान के लिए मिलकर काम करेंगे। युवा पीढ़ी के भविष्य को सुरक्षित करने और समाज को नशा मुक्त करने की दिशा में यह प्रयास बेहद महत्वपूर्ण है। इस प्रकार, पंजाब की कार्यवाहियाँ न केवल खुद राज्य के लिए, बल्कि समूचे देश के लिए लम्बी अवधि में सुरक्षा सुनिश्चित करने में सहायक सिद्ध होंगी।