बठिंडा में पुलिस परिवार ने हर्षोल्लास के साथ लोहड़ी का त्योहार मनाया। इस अवसर पर थाना कोतवाली में एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें बठिंडा रेंज के डीआईजी हरजीत सिंह और एसएसपी अमनीत कौंडल ने भाग लिया। इस कार्यक्रम में परंपरानुसार लोहड़ी जलाने की रिवाज निभाई गई, जिससे सभी पुलिसकर्मियों में एकजुटता और भाईचारे की भावना जागृत हुई।
डीआईजी हरजीत सिंह ने कार्यक्रम के दौरान अपनी बात रखते हुए कहा कि लोहड़ी का त्योहार हमें गरीब और जरूरतमंद लोगों की समस्याओं को समझने का एक अच्छा अवसर प्रदान करता है। इस प्रकार के त्योहार हमें आपस में जोड़ते हैं और समाज के प्रति हमारी जिम्मेदारियों का पुनरावलोकन करने का मौका देते हैं। वहीं, एसएसपी अमनीत कौंडल ने सभी पुलिस कर्मियों को लोहड़ी की शुभकामनाएं देते हुए उनसे उनकी ड्यूटी को पूरी निष्ठा से निभाने की अपील की।
इस कार्यक्रम की एक खास विशेषता रही कि महिला पुलिसकर्मियों ने पारंपरिक गिद्दा नृत्य प्रस्तुत किया, जिसमें उन्होंने उत्साह के साथ बोलियां गाईं। यह प्रदर्शन दर्शकों के बीच एक ख़ास ऊर्जा का संचार कर गया और पूरे माहौल को उत्सवमयी बना दिया। महिला पुलिसकर्मियों की यह प्रस्तुति न केवल उनके कौशल को दर्शाती है, बल्कि यह भी दिखाती है कि वे अपने कर्तव्यों के साथ-साथ सांस्कृतिक कार्यक्रमों में भी सक्रिय हैं।
त्योहार के दौरान शहर में सुरक्षा के लिए कड़े इंतजाम किए गए हैं। पुलिस प्रशासन ने कानून व्यवस्था बनाये रखने के लिए व्यापक रूप से पुलिस बल को तैनात किया है, जिससे त्योहार का मनाया जाना सुरक्षित और शांतिपूर्ण हो सके। पुलिस के इस सक्रिय रुख ने शहरवासियों के बीच सुरक्षा का एक भरोसा जगाया है, जिससे लोग अपने त्योहार का आनंद ले सकें।
इस प्रकार, बठिंडा में पुलिस परिवार ने न केवल लोहड़ी का पर्व मनाया, बल्कि उस अवसर का उपयोग समाज में एकजुटता और संवेदनशीलता को बढ़ावा देने के लिए किया। यह महोत्सव सभी के दिलों में एक नई ऊर्जा और उमंग भरने का स्रोत बना, जबकि पुलिस प्रशासन ने अपने कर्तव्यों के प्रति अपनी तत्परतता को भी दिखाया। इस प्रकार के आयोजन न केवल पुलिस विभाग की सामुदायिक जुड़ाव की आवशयकता को रेखांकित करते हैं, बल्कि यह भी दर्शाते हैं कि कैसे सांस्कृतिक तत्वों के माध्यम से सामाजिक संबंधों को मजबूत किया जा सकता है।