पंजाब में हालात सामान्य होने के साथ ही भारत-पाकिस्तान के बीच सीजफायर के ऐलान के बाद सोमवार से राज्य के स्कूलों को खोलने का आदेश जारी किया गया है। शिक्षा मंत्री हरजोत बैंस ने सूचित किया कि सभी स्कूल और कॉलेज 12 मई से फिर से खुल जाएंगे। हालांकि, पाकिस्तान बॉर्डर से सटे अमृतसर, फिरोजपुर, तरनतारन, पठानकोट और बरनाला के कुछ क्षेत्रों में प्रशासन ने स्कूलों को बंद रखने का निर्णय लिया है। सीजफायर के बाद पंजाब में सामान्य स्थिति लौटने की दिशा में कदम बढ़ाए गए हैं, लेकिन कुछ सीमा नजदीक के जिलों में एहतियात के तौर पर ब्लैकआउट जारी रखने की सलाह दी गई है।
पिछले कुछ दिनों में सीमा से सटे गांवों से लोग अपने घरों को छोड़कर सुरक्षित स्थानों की ओर चले गए थे, लेकिन अब वे धीरे-धीरे अपने घर लौटने लगे हैं। पठानकोट और जम्मू सीमा के कुछ बाजार भी रविवार को खुल गए। इस बीच, मालेरकोटला में दो पाकिस्तानी जासूसों को गिरफ्तार किया गया है, जो भारतीय सेना की गतिविधियों की जानकारी पाकिस्तान के उच्चायोग को भेज रहे थे। पंजाब पुलिस के डीजीपी गौरव यादव ने बताया कि आरोपियों के पास से दो मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं, जिनकी जांच जारी है।
रविवार सुबह अमृतसर में एक विस्फोट की आवाज सुनाई दी, लेकिन यह स्पष्ट नहीं था कि यह आवाज किस कारण से थी। इसके बाद जिन जिलों में बिजली काटी गई थी, वहां रोशनी वापस लौट आई और सामान्य जनजीवन बहाल होने लगा। सीजफायर के ऐलान के बाद पंजाब के कई जिलों में जनता की आवाजाही और बाजारों का खुलना फिर से शुरू हो गया है। हालांकि, मुख्यमंत्री भगवंत मान का लुधियाना में घायलों से मिलने का दौरा अचानक रद्द हो गया, जहां भारतीय जनता पार्टी के अध्यक्ष सुनील जाखड़ ने घायलों का हालचाल लेने का कार्य किया।
पंजाब में आतंक के खतरे को लेकर पुलिस ने सतर्कता बढ़ा दी है। जालंधर में रात के समय सेना की वर्दी पहनने वाले चार संदिग्धों को देखा गया, जिन्होंने मंदिर में जाकर भोजन मांगा, लेकिन बाद में वे भाग गए। इसकी सूचना स्थानीय पुलिस को दे दी गई थी। इसके अलावा, पंजाब में सुरक्षा हालात को देखते हुए सभी एयर डिफेंस सिस्टम को सक्रिय किया गया है और सुरक्षा बलों की छुट्टियां रद्द कर दी गई हैं।
सीजफायर से पहले, पंजाब में कई आतंकी हमलों की घटनाएं हुई थीं। 6 से 7 मई की रात भारतीय वायुसेना ने पाकिस्तान में 9 ठिकानों पर एयर स्ट्राइक की थी, जिसमें 100 से अधिक आतंकवादी ढेर हुए थे। इन घटनाओं के मद्देनजर पंजाब के सीमावर्ती जिलों में हाई अलर्ट घोषित किया गया था। इसके साथ ही, बठिंडा में एक अज्ञात विमान के दुर्घटनाग्रस्त होने से एक व्यक्ति की मौत हो गई थी और कई अन्य घायल हुए थे। यह स्थिति न केवल सुरक्षा बलों के लिए चुनौती रही है, बल्कि स्थानीय नागरिकों के लिए भी चिंता का कारण बन चुकी है।
पंजाब में शांति और सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं, और प्रशासन स्थिति को स्थिर रखने के लिए सतर्क है।