नक्सली हिंसा का खौफ हटने के बाद यहां के युवा अब इंटरनेट की दुनिया में अपना कदम बढ़ाने को तैयार हो गए हैं। बीते दो वर्षों में संचार अधोसंरचना को मजबूत करने में सफलता मिली है। बीजापुर जिले में कुल 728 नए टावर स्थापित किए गए हैं। जिनमें 467 विशेष रूप से 4-जी नेटवर्क के लिए लगाए गए हैं। साथ ही, 449 टावरों को 2जी से 4जी में अपग्रेड किया गया है। कोंडापल्ली की यह सफलता भी ”नियद नेल्ला नार” योजना का परिणाम है।
उल्लेखनीय है कि दिसंबर 2024 में कैंप स्थापित होने के बाद लंबे समय से बंद पड़ी 50 किलोमीटर सड़क का पुनर्निर्माण बॉर्डर रोड आर्गेनाइजेशन द्वारा किया जा रहा है, जो प्रगति पर है। केवल दो महीने पहले गांव में पहली बार बिजली लाइन पहुंची है, जिससे बच्चों की पढ़ाई और छोटे व्यवसायों को बल मिला है। अब मोबाइल नेटवर्क के माध्यम से यहां के ग्रामीण बैंकिंग, आधार, राशन, स्वास्थ्य योजनाओं और पेंशन जैसी महत्वपूर्ण सेवाओं का लाभ उठा सकेंगे, जो अब तक उनके लिए एक दूर का सपना था।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इस अवसर पर कहा कि कोंडापल्ली में मोबाइल नेटवर्क का पहुंचना सिर्फ एक टावर का खड़ा होना नहीं है, यह उन लोगों के सपनों का उठ खड़ा होना है जो वर्षों से दुनिया से कटे हुए थे। यह सिर्फ संचार की शुरुआत नहीं, बल्कि विश्वास, बदलाव और नई संभावनाओं के युग का आरंभ है।