हरिद्वार, 13 मार्च । जिलाधिकारी मयूर दीक्षित की अध्यक्षता में शुक्रवार को कलेक्ट्रेट सभागार में सीएम हेल्पलाइन पर प्राप्त शिकायतों के निस्तारण की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न विभागों में लंबित शिकायतों की स्थिति की समीक्षा की गई तथा अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि सभी शिकायतों का समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए।
उन्होंने निर्देश दिए कि जिन विभागों के पास 10 से अधिक शिकायतें निष्तारण के लिए लंबित हैं वह शिकायतों का 03 दिन के भीतर निस्तारण करें। उन्होंने विशेषकर पुलिस विभाग, नगर निगम, यूपीसीएल, भू अभिलेख, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति, उत्तराखंड पेयजल निगम, राजस्व विभाग, आयुर्वेदिक, नगर पालिका एवं नगर पंचायत, जल संस्थान, सिंचाई आदि विभागों को लंबित शिकायतों का जल्द से जल्द निस्तारण करने के निर्देश दिए गए।
उन्होंने कहा कि शिकायतों के निस्तारण में किसी भी प्रकार की लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारी की जिम्मेदारी तय की जाएगी। जिलाधिकारी ने कहा कि जन समस्याओं का समाधान प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इस दिशा में सभी अधिकारियों को पूरी संवेदनशीलता के साथ कार्य करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि स्वच्छता, पेयजल, स्ट्रीट लाइट, सड़क और अन्य नागरिक सुविधाओं से संबंधित शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर समाधान किया जाए, ताकि आम जनता को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
जिलाधिकारी ने कहा कि शासन की मंशा है कि जनता की समस्याओं का समाधान पारदर्शी और प्रभावी तरीके से किया जाए, इसलिए सभी अधिकारी अपनी जिम्मेदारियों का गंभीरता से निर्वहन करें।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी ललित नारायण मिश्रा, सचिव एचआरडीए मनीष कुमार, उप जिलाधिकारी जितेंद्र कुमार, उप जिलाधिकारी रुड़की अनिल कुमार शुक्ला, जिला विकास अधिकारी वेद प्रकाश,सहायक परियोजना निर्देशक नलिनीत घिल्डियाल, नोडल स्वजल चंद्रकांत मणि त्रिपाठी, खंड विकास अधिकारी, ईओ नगर पालिका,नगर पंचायत, सहित संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।