देवीलाल हत्याकांड में दो दोषियों को आजीवन कारावास

प्रतापगढ़, 8 अप्रैल । प्रतापगढ़ जिले के धरियावद थाना क्षेत्र में वर्ष 2022 में हुए देवीलाल हत्याकांड मामले में जिला एवं सेशन न्यायालय ने महत्वपूर्ण फैसला सुनाते हुए दो आरोपितों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। सेशन न्यायाधीश आशा कुमारी ने दोनों दोषियों पर 25-25 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।

लोक अभियोजक तरुण दास वैरागी ने बताया कि यह मामला 5 अक्टूबर 2022 को दर्ज हुआ था। भमात फला मानागांव, धरियावद निवासी खात्या (45) पुत्र भेरिया मीणा ने डरागांव में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। रिपोर्ट में बताया गया कि 4 अक्टूबर 2022 की शाम करीब 4 बजे उसका बेटा देवीलाल मीणा अपनी मां वेलकी और छोटे भाई उदयलाल को आमलवा भैरू बावजी के दर्शन के लिए बाइक से छोड़ने गया था। उस समय खात्या घर पर अकेला था।

रिपोर्ट के अनुसार अगले दिन सुबह करीब 7 बजे गांव के लोगों से सूचना मिली कि देवीलाल का शव डरागांव स्थित कानिया घाटी के पास सड़क किनारे पड़ा हुआ है। सूचना मिलते ही परिजन मौके पर पहुंचे और पुलिस को घटना की जानकारी दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लिया और मामला दर्ज कर जांच शुरू की।

जांच के दौरान पुलिस ने साक्ष्यों के आधार पर दो आरोपितों दीपक (21) और दिनेश (18) को गिरफ्तार किया। मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से कोर्ट में 17 गवाहों के बयान और 43 दस्तावेजी साक्ष्य प्रस्तुत किए गए।

सभी तथ्यों और साक्ष्यों पर विचार करने के बाद न्यायालय ने दोनों आरोपितों को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही प्रत्येक आरोपित पर 25-25 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है।