सुंदर, महिपाल, प्रवीन और कृष्ण पर एक-एक लाख रुपये जुर्माना लगाया है।
अदालत में चले मामले
के अनुसार इस संबंध में हिसार शहर पुलिस ने सुनील की शिकायत पर केस दर्ज किया था। शहर
की जीएलएफ कालोनी में रहने वाले सुनील ने बताया था कि उसका भाई जयसिंह शराब कारोबारी
था। उसने साल 2015-2016 में शराब ठेकेदार राधेश्याम गुज्जर के साथ मिलकर शराब ठेके
लिए हुए थे। उस दौरान भाई जयसिंह का राधेश्याम की तरफ एक लाख से अधिक रुपये का बकाया
था। उसके बाद भाई ने राधेश्याम के साथ ठेकेदारी न कर अलग से शराब के ठेके ले लिए। वारदात
वाले दिन राधेश्याम ने भाई के पास फोन कर तेलियान पुल के पास वाले शराब ठेके पर बुलाया
था और कहा कि रुपयों का हिसाब करना है। उसके फोन करने के बाद उसका भाई जयसिंह शाम लगभग
साढ़े चार बजे भांजे रतन के साथ गाड़ी लेकर ठेके पर पहुंचे। वहां पर कारिंदा बैठा था।
सुनील की शिकायत
के अनुसार कुछ देर बाद राधेश्याम और अशोक बाइक पर आए। उनके हाथों में पिस्तोल थी। उनके
पीछे-पीछे राधेश्याम का भाई कृष्ण, उसका साला सुंदर और हांसी निवासी कृष्ण, महिपाल,
सुरेंद्र तलवंडी राणा निवासी, उमेद जीएलएफ कालोनी निवासी, प्रवीन और दो तीन अन्य लड़के
आए। फिर जयसिंह उर्फ धोलिया पर फायरिंग कर दी। गोलियां लगने से जयसिंह की मौके पर मौत
हो गई। इसी मामले में अदालत ने आरोपियों को दोषी करार देते हुए सजा सुनाई है।