बलरामपुर : पीवीटीजी-पंडो परिवारों की घर-घर हुई स्वास्थ्य जांच

बलरामपुर, 09 अगस्त । विश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर जिले में पीवीटीजी एवं पंडो समुदाय के परिवारों की यूनिवर्सल हेल्थ स्क्रीनिंग अभियान की शुरुआत की गई। आज रविवार को स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने दूरस्थ और दुर्गम क्षेत्रों में पहुंचकर घर-घर स्वास्थ्य जांच शुरू की। पीएम जनमन के माध्यम से जिले के प्रत्येक पात्र पीवीटीजी एवं पंडो परिवार तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है।

कलेक्टर चंदन संजय त्रिपाठी के मार्गदर्शन और मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. विजय कुमार सिंह के नेतृत्व में अभियान के तहत स्वास्थ्य विभाग की टीमें परिवारों के प्रत्येक सदस्य की स्वास्थ्य जांच करेंगी। आवश्यकता के अनुसार स्वास्थ्य परामर्श, उपचार और आगे की जांच की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी।

अभियान के पहले चरण में बलरामपुर विकासखंड के ग्राम चिलमा खुर्द, सेक्टर पस्ता, राजपुर विकासखंड के ग्राम अकोराखुर्द, शंकरगढ़ विकासखंड के ग्राम डुमरपाट और कुसमी विकासखंड के ग्राम कछवा सहित विभिन्न पीवीटीजी क्षेत्रों में पीएम जनमन मोबाइल मेडिकल यूनिट और स्वास्थ्य दल ने पहुंचकर स्क्रीनिंग शुरू की।

घर के द्वार पर पहुंची स्वास्थ्य सेवा

स्वास्थ्य विभाग का मैदानी अमला और मोबाइल मेडिकल यूनिट सीधे पीवीटीजी एवं पंडो परिवारों तक पहुंच रहा है। स्वास्थ्य कर्मी परिवार के सदस्यों से स्वास्थ्य संबंधी जानकारी लेने के साथ आवश्यक जांच कर रहे हैं। इससे ऐसे परिवारों को विशेष लाभ मिलेगा, जिन्हें दूरस्थ क्षेत्रों में रहने के कारण स्वास्थ्य केंद्रों तक पहुंचने में परेशानी होती है।

ग्राम चिलमा खुर्द में अभियान के शुभारंभ के दौरान पंचायत सरपंच, एएनएम, विकासखंड समन्वयक, मितानिन और स्वास्थ्य दल की मौजूदगी में पीवीटीजी परिवारों की स्वास्थ्य जांच की गई। स्वास्थ्य कर्मियों ने लोगों को समय पर जांच और उपचार कराने के लिए जागरूक भी किया।

गंभीर मामलों को किया जाएगा रेफर

अभियान का उद्देश्य स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं की समय पर पहचान कर आवश्यक उपचार उपलब्ध कराना है। जांच के दौरान किसी व्यक्ति में गंभीर या संदिग्ध बीमारी के लक्षण मिलने पर उसे आगे की जांच और उपचार के लिए उच्च स्वास्थ्य संस्था में रेफर किया जाएगा।

मोबाइल मेडिकल यूनिट से दूरस्थ क्षेत्रों को लाभ

जिले के कई पीवीटीजी और पंडो परिवार वनांचल एवं दुर्गम क्षेत्रों में रहते हैं। ऐसे क्षेत्रों तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने के लिए पीएम जनमन मोबाइल मेडिकल यूनिट को अभियान से जोड़ा गया है। मोबाइल यूनिट और स्वास्थ्य विभाग की टीमें निर्धारित ग्रामों एवं बसाहटों में पहुंचकर स्वास्थ्य जांच और आवश्यक सेवाएं उपलब्ध कराएंगी।

मोबाइल एप से होगी रियल-टाइम निगरानी

अभियान में स्वास्थ्य जांच की जानकारी मोबाइल एप के माध्यम से रियल-टाइम दर्ज की जाएगी। इससे यह पता चल सकेगा कि कितने परिवारों और लोगों की स्क्रीनिंग पूरी हुई है, किन लोगों को उपचार की जरूरत है और किन हितग्राहियों को आगे जांच या फॉलोअप की आवश्यकता है। इससे अभियान की प्रगति की नियमित निगरानी भी की जा सकेगी।

प्रत्येक पात्र परिवार तक पहुंचने का लक्ष्य

मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. विजय कुमार सिंह ने स्वास्थ्य विभाग के मैदानी अमले को पीवीटीजी एवं पंडो समुदाय के प्रत्येक पात्र परिवार तक पहुंच सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि कोई भी पात्र परिवार स्वास्थ्य जांच और आवश्यक स्वास्थ्य सेवाओं से वंचित न रहे। गंभीर या संदिग्ध मामलों में तत्काल कार्रवाई करते हुए जरूरत के अनुसार उच्च स्वास्थ्य संस्थाओं में रेफर करने के निर्देश भी दिए गए हैं।