काठमांडू, 01 मई । बुद्ध जयंती के अवसर पर शुभकामना संदेश देते हुए नेपाल के प्रधानमंत्री बालेन्द्र शाह ने कहा है कि हर यात्रा समस्याओं के समाधान के मार्ग की ओर होनी चाहिए।
सोशल मीडिया पर अपने संदेश में उन्होंने लिखा-“बुद्ध ने कहा था- ‘दुःख है, दुःख का कारण है, दुःख का निवारण है और दुःख निवारण का मार्ग भी है।’ बुद्ध द्वारा दिखाया गया मार्ग दुःखों के निवारण का मार्ग है। अंधकार वास्तव में प्रकाश के अभाव का नाम है। जब प्रकाश की किरण कदम रखती है, तब अंधेरा स्वयं समाप्त हो जाता है।”
उन्होंने आगे लिखा-“हमारी यात्रा भी उसी ज्ञानरूपी प्रकाश की खोज में होनी चाहिए, समस्याओं के समाधान के मार्ग पर होनी चाहिए। शांति के महान और सर्वकालिक प्रवर्तक बुद्ध की जयंती के अवसर पर मैं विश्व शांति की कामना करता हूँ। बुद्ध के जन्म से धन्य हमारी नेपाल भूमि सदैव अहिंसा और शांति के पक्ष में रही है।”
शुभकामना संदेश में शाह ने यह भी उल्लेख किया—“सच्ची क्रांति ‘क’ से नहीं, बल्कि ‘ज्ञ’ से शुरू होती है, और वह ‘ज्ञ’ ज्ञान है।”