शिमला, 26 जून । शिमला जिला के चिड़गांव क्षेत्र में हेरोइन तस्करी से जुड़े एक मामले में विशेष न्यायालय ने आरोपी को दोषी करार देते हुए दो वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही उस पर 20 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। जुर्माना अदा न करने की स्थिति में दोषी को अतिरिक्त छह माह का साधारण कारावास भुगतना होगा।
यह फैसला विशेष न्यायाधीश, रोहड़ू की अदालत ने गुरुवार को सुनाया। अदालत ने श्याम लाल (63) पुत्र ताफलू राम, निवासी डाकघर एवं तहसील चिड़गांव, जिला शिमला को एनडीपीएस अधिनियम के तहत दर्ज मामले में दोषी पाया।
पुलिस के अनुसार यह मामला 8 फरवरी 2023 को पुलिस थाना चिड़गांव में केस दर्ज किया गया था। आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस अधिनियम की धारा 21, 25 और 29 के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया था।
जांच के दौरान आरोपी के कब्जे से 26.39 ग्राम हेरोइन बरामद की गई थी, जिसके आधार पर पुलिस ने उसके खिलाफ कार्रवाई शुरू की थी।
मामले की जांच के दौरान पुलिस ने साक्ष्यों को वैज्ञानिक और विधिसम्मत तरीके से एकत्र किया। इसके बाद न्यायालय में अभियोजन पक्ष की ओर से प्रभावी पैरवी की गई। सुनवाई के दौरान प्रस्तुत किए गए साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर अदालत ने आरोपी को दोषी करार देते हुए सजा सुनाई।
एसएसपी शिमला गौरव सिंह ने शुक्रवार को बताया कि मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ जिला शिमला में लगातार अभियान चलाया जा रहा है। नशे के कारोबार से जुड़े मामलों में जांच को मजबूत बनाने और अदालत में प्रभावी पैरवी सुनिश्चित करने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है, जिससे दोषियों को कानून के अनुसार सजा दिलाई जा सके।