उत्तराखंड में बूथ स्तर तक संगठन विस्तार पर भाजपा का जोर

देहरादून, 13 जुलाई । उत्तराखंड में भाजपा ने संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करने और विभिन्न प्रकोष्ठों के माध्यम से सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने की रणनीति तय की है। इसी उद्देश्य से सोमवार को देहरादून के सर्वे चौक स्थित आईआरडीटी सभागार में आयोजित प्रदेश एवं जिला प्रकोष्ठ कार्यशाला में ब्लॉक और नगर पंचायत स्तर तक संगठनात्मक गतिविधियां बढ़ाने तथा विभिन्न सामाजिक वर्गों की भागीदारी सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया।

कार्यशाला को संबोधित करते हुए भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट ने कहा कि प्रकोष्ठ संगठन की महत्वपूर्ण शक्ति हैं और समाज के प्रत्येक वर्ग तक सरकार की योजनाओं और पार्टी की विचारधारा पहुंचाने में उनकी अहम भूमिका है। उन्होंने सेवा, समर्पण और संगठन के मूल मंत्र के साथ बूथ स्तर तक सक्रिय होकर संगठन को मजबूत बनाने का आह्वान किया।

प्रदेश महामंत्री कुंदन परिहार ने विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर), डिजिटल लर्निंग अभियान और संगठन के आगामी कार्यक्रमों की जानकारी देते हुए सभी प्रकोष्ठों से इन अभियानों में सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने को कहा।

भाजपा के प्रदेश प्रकोष्ठ संयोजक कौस्तुभानंद जोशी ने सभी प्रदेश पदाधिकारियों और जिला संयोजकों को 30 जुलाई तक मंडल स्तर की प्रकोष्ठ कार्यकारिणियों का गठन पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इससे प्रदेशभर में प्रस्तावित जिलावार भ्रमण और संगठन के आगामी कार्यक्रमों का सुव्यवस्थित संचालन सुनिश्चित किया जा सकेगा। उन्होंने कहा कि प्रत्येक प्रकोष्ठ अपनी जिम्मेदारियों का प्रभावी निर्वहन करते हुए समाज के विभिन्न वर्गों के साथ निरंतर संवाद बनाए रखे।

उन्होंने कहा कि संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत बनाने में प्रकोष्ठों की सक्रिय भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि समयबद्ध तरीके से संगठनात्मक ढांचे को मजबूत कर आगामी कार्यक्रमों को प्रभावी ढंग से संचालित किया जाएगा। साथ ही सभी पदाधिकारियों से संगठन के विस्तार और जनसंपर्क अभियान को गति देने का आह्वान किया।

कार्यशाला में निर्णय लिया गया कि संगठनात्मक कार्यक्रम केवल जिला मुख्यालयों तक सीमित नहीं रहेंगे, बल्कि विधानसभा, ब्लॉक और नगर पंचायत स्तर तक आयोजित किए जाएंगे। महिला जनप्रतिनिधियों, स्वयं सहायता समूहों, किसान, व्यापारियों और विभिन्न सामाजिक वर्गों की भागीदारी सुनिश्चित करने पर भी बल दिया गया।

बैठक में विधानसभा स्तर पर सम्मान समारोह आयोजित कर निर्वाचित जनप्रतिनिधियों के साथ चुनाव हारने वाले पार्टी कार्यकर्ताओं, निर्दलीय प्रतिनिधियों और अन्य दलों, विशेषकर कांग्रेस छोड़कर भाजपा में शामिल नेताओं को भी जोड़ने की रणनीति पर चर्चा हुई। नगर निगम, नगर पालिका और नगर पंचायत स्तर पर समितियों की बैठकें आयोजित करने और सम्मान कार्यक्रम आयोजित करने पर जोर दिया गया। इसके अलावा स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को संगठनात्मक कार्यक्रमों से जोड़ने, सफल महिला समूहों को सम्मानित करने और आगामी महीनों के कार्यक्रमों का कैलेंडर तैयार करने पर सहमति बनी।

बैठक में महानगर अध्यक्ष सिद्धार्थ अग्रवाल, प्रदेश प्रकोष्ठ सह-संयोजक सतीश अग्रवाल सहित प्रदेश एवं जिला प्रकोष्ठों के संयोजक, सह-संयोजक एवं पदाधिकारी उपस्थित रहे।