अम्बिकापुर : किराएदार का नहीं कराया पुलिस वेरिफिकेशन तो सीधे होगी जेल, सरगुजा में पहली गिरफ्तारी

अम्बिकापुर, 18 जुलाई । सरगुजा जिले में किराएदारों का पुलिस वेरिफिकेशन न कराने वाले मकान मालिकों के खिलाफ पुलिस ने अब तक की सबसे सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। डीआईजी एवं एसएसपी सरगुजा राजेश अग्रवाल (भा.पु.से.) के सख्त दिशा-निर्देशों के बाद थाना गांधीनगर के अंतर्गत एक बड़ी लापरवाही पर मकान मालिक के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर शनिवार काे उसे गिरफ्तार कर लिया गया है।

सरगुजा पुलिस द्वारा लगातार अपील और जागरूकता अभियान चलाए जाने के बावजूद कुछ मकान मालिकों द्वारा किराएदारों की जानकारी छिपाने या लापरवाही बरतने के मामले सामने आ रहे हैं। पुलिस प्रशासन का कहना है कि कई बाहरी अपराधी दूसरे राज्यों या शहरों में वारदात करने के बाद अपनी पहचान छिपाकर यहां किराएदार बनकर रहने लगते हैं, या फिर शहर में ही किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने के लिए रेकी करते हैं। वारदात के बाद जब पुलिस मकान मालिक से पूछताछ करती है, तो उनके पास किराएदार का सही पता, फोटो या मोबाइल नंबर तक नहीं होता, जिससे अपराधी पुलिस की पकड़ से दूर भाग जाता है। इसी गंभीर स्थिति को रोकने के लिए अब सरगुजा पुलिस ने मुसाफिरों, किराएदारों और संदिग्धों की धरपकड़ के लिए एक सघन जांच और मॉनिटरिंग अभियान छेड़ दिया है।

इसी अभियान के तहत थाना गांधीनगर पुलिस ने जिला दंडाधिकारी सरगुजा के पूर्व आदेशों का उल्लंघन करने पर एक मकान मालिक को दबोचा है। जिला दंडाधिकारी द्वारा यह अनिवार्य आदेश जारी किया गया था कि कोई भी मकान मालिक किसी व्यक्ति को किराए पर रखने से पहले उसका सत्यापन कराकर संबंधित थाने में जानकारी देगा और ऐसा न करना एक दंडनीय अपराध होगा। जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि अभियुक्त राहुल विश्वकर्मा (उम्र 27 वर्ष), निवासी- भड्डी रोड, वार्ड क्रमांक 28, अम्बिकापुर ने सरगंवा गैस गोदाम के पास स्थित अपने मकान में कुछ बाहरी व्यक्तियों को किराए पर रखा था, लेकिन संबंधित थाने में इसकी कोई सूचना या सत्यापन फॉर्म जमा नहीं किया था। इसी लापरवाही का फायदा उठाकर उक्त किराएदारों ने 13 मई 2026 की देर रात ग्राम घंघरी गेरवानी नाला के पास आर्म्स एक्ट और डकैती जैसी गंभीर घटना को अंजाम दे डाला। इन अपराधियों के खिलाफ थाना गांधीनगर में धारा 126(2), 310(10) बीएनएस एवं 25, 27 आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज है। विवेचना में मकान मालिक राहुल विश्वकर्मा द्वारा जिला दंडाधिकारी के वैध आदेश की अवज्ञा करने का दोषी पाए जाने पर, पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस), 2023 की धारा 223 बीएनएस के तहत अपराध दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है।

नागरिकों की सुविधा के लिए छत्तीसगढ़ पुलिस ने इस पूरी व्यवस्था को बेहद सरल और डिजिटल बना दिया है। मकान मालिक अब छत्तीसगढ़ पुलिस की नई पहल ‘समाधान ऐप’ या सीसीटीएनएस पोर्टल (citizen.cgpolice.gov.in) के जरिए घर बैठे कुछ ही मिनटों में ऑनलाइन सत्यापन कर सकते हैं। इसके लिए मकान मालिक को अपने पते का प्रमाण और किराएदार का आईडी प्रूफ (पैन कार्ड/वोटर आईडी), स्थायी पता, पासपोर्ट साइज फोटो, रोजगार विवरण और रेंट एग्रीमेंट की आवश्यकता होती है। समाधान ऐप डाउनलोड कर या पोर्टल पर ओटीपी के जरिए लॉगइन करके ‘Tenant Verification’ विकल्प में मकान मालिक, किराएदार और दो स्थानीय गवाहों की जानकारी भरकर दस्तावेज अपलोड करने होते हैं, जिसके बाद मिलने वाली ऑनलाइन पावती को सुरक्षित रखा जा सकता है। जो लोग ऑनलाइन प्रक्रिया में सहज नहीं हैं, उनके लिए सभी थानों में ऑफलाइन पुलिस वेरिफिकेशन की सुविधा भी उपलब्ध है, जहां आवश्यक दस्तावेजों के साथ फॉर्म जमा करके यह प्रक्रिया तत्काल पूरी की जा सकती है।

सरगुजा पुलिस ने आम नागरिकों से सजग रहने की अपील करते हुए कहा है कि अपने आसपास अवैध रूप से या पहचान छिपाकर रह रहे किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या मुसाफिर की सूचना तुरंत सरगुजा पुलिस के हेल्पलाइन नंबर 9479193599 या डायल 112 पर दें। पुलिस प्रशासन ने यह स्पष्ट आश्वासन दिया है कि सूचना देने वाले किसी भी नागरिक की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी ताकि आम जनता बिना किसी डर के पुलिस का सहयोग कर सके।