हिमाचली के तीन हिंदी उपन्यास अंग्रेजी में प्रकाशित, विश्व साहित्य में बनेगी पहचान

मंडी, 09 अगस्त । हिमाचल के तीन साहित्यकारों के हिंदी उपन्यास अंग्रेजी में प्रकाशित होकर अब वैश्विक स्तर पर दस्तक देंगे। हिमाचल के चर्चित साहित्यकार मुरारी शर्मा का हिंदी उपन्यास देबकू एक प्रेम कथा, गंगाराम राजी का उपन्यास जनरल जोराबर सिंह और त्रिलोक मेहरा के उपन्यास मुंडू अब अंग्रेजी में प्रकाशित हो गये हैं।

हिंदी के इन तीन मशहूर उपन्यासों का युवा साहित्यकार पंकज दर्शी द्वारा अंग्रेजी में अनुवाद किया गया है। जिन्हें इंडिया नेटबुक्स प्रा.लि. की ओर से प्रकाशित किया गया है। जिसके चलते अब ये तीनों उपन्यास विश्व साहित्य के पाठकों के लिए एमाजोन व फ्लिप कार्ड पर उपलब्ध रहेंगे। जिनका आने वाले समय में गरिमामय समारोह में विमोचन किया जाएगा। राजनीतिक हंगामें और भ्रामक प्रचार के माहौल के बीच साहित्य के पाठकों के लिए यह सुकून भरी एवं सुखद खबर है। अब हिंदी के ये उपन्यास दुनिया भर के पाठकों के लिए उपलब्ध रहेंगे।

इन तीनों उपन्यासों के अंग्रेजी में प्रकाशन से हिंदी के पाठकों की तरह अंग्रेजी के पाठक भी हिमाचली लोकसंस्कृति, इतिहास और जल, जंगल और जमीन के संघर्षों से रूबरू होंगे।

युवा साहित्यकार अनुवादक पंकज दर्शी ने कहते हैं कि मेरा मंतव्य हिमाचल में लिखे गए बेहतर साहित्य को विश्व पटल पर लाया जाए, यह प्रयोग और कोशिश अब सफलता की ओर अग्रसर है। उन्होंने कहा कि देबकू एक प्रेमकथा, जनरल जोरावर सिंह और मुंडू तीनों ऐसे उपन्यास हैं जिनका अनुवाद मैंने स्वेच्छा से किया है।जिनमें मुरारी शर्मा का उपन्यास देबकू एक प्रेमकथा अंग्रेजी में द मेलैंकोलिक देबकू, गंगाराम राजी का उपन्यास जनरल जोरावर सिंह द नेपोलियन आफ नॉथ इंडिया और मुंडू शामिल हैं। अब ये तीनों ही उपन्यास इंडिया नेट बुक्स से प्रकाशित हो गए हैं।…अब यह विश्व भर के लोगों के लिए उपलब्ध हैं।