मुख्यमंत्री ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 10वीं-12वीं के विद्यार्थियों को टेबलेट देकर किया सम्मानित

मुख्यमंत्री ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 10वीं-12वीं के विद्यार्थियों को टेबलेट देकर किया सम्मानित

-दिल्ली सरकार ने 100 दिनों में स्कूल प्रशासन, डिजिटल सेवाएं, बहुभाषी शिक्षा और स्मार्ट क्लासरूम पर लिए कई नीतिगत फैसले किए

नई दिल्ली, 30 मई (हि.स.)। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शुक्रवार को केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की 10वीं और 12वीं कक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को टेबलेट देकर सम्मानित किया। सम्मान कार्यक्रम का आयोजन राजकीय प्रतिभा बाल विकास विद्यालय राजपुर में हुआ। इस मौके पर शिक्षा मंत्री आशीष सूद सहित छात्र-छात्राएं, उनके अभिभावक, शिक्षक और शिक्षा विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।

मुख्यमंत्री ने इस मौके पर 87 छात्रों को टेबलेट देकर सम्मानित किया। इनमें 16 छात्र 10वीं कक्षा और 71 छात्र 12वीं कक्षा के हैं। इसके अतरिक्त मुख्यमंत्री ने दिल्ली के 20 सरकारी स्कूलों के प्रमुखों को कंप्यूटर देकर सम्मानित किया जिनके स्कूलों का 10वीं और 12वीं में 100 प्रतिशत परिणाम आया है।

मुख्यमंत्री ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि यह सफलता केवल अंकों की जीत नहीं है, बल्कि यह छात्रों के कठिन परिश्रम, अपने लक्ष्य के प्रति दृढ़ता और जीवन के प्रति उनके सकारात्मक सोच का उदाहरण है। उन्होंने छात्रों से कहा कि अगर आपकी इच्छा है, आपका विजन स्पष्ट है और मेहनत की लगन है, तो कोई भी मंज़िल दूर नहीं। मुख्यमंत्री ने अपने छात्र जीवन को याद करते हुए बताया कि वह स्वयं दिल्ली सरकार के अशोक विहार स्कूल से पढ़ी हैं।

मुख्यमंत्री ने सरकार के 100 दिन पूरे होने पर शिक्षा के क्षेत्र में उठाए गए ठोस कदमों को लेकर सभी अधिकारियों, शिक्षकों, अभिभावकों और छात्रों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि इन 100 दिनों में सरकार ने स्कूल प्रशासन, बुनियादी ढांचे, आधुनिक लाइब्रेरी, स्मार्ट क्लासरूम, डिजिटल सुविधाओं और बहुभाषी शिक्षा के लिए नीतिगत फैसले लिए हैं, ताकि दिल्ली के बच्चे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिस्पर्धा कर सकें।

मुख्यमंत्री ने कहा कि छात्रों को सिर्फ परीक्षा परिणाम के आंकड़ों के लिए नहीं, बल्कि समग्र विकास के लिए तैयार किया जाना चाहिए। उन्होंने पिछली सरकारों की उस नीति की आलोचना की जिसमें कमज़ोर छात्रों को रिजल्ट सुधारने के लिए बीच में से हटा दिया जाता था। उन्होंने स्पष्ट किया कि दिल्ली सरकार सभी बच्चों को साथ लेकर चलेगी।

मुख्यमंत्री ने दोहराया कि अगली बार दिल्ली के सरकारी स्कूल 100 प्रतिशत परिणाम की दिशा में काम करें।

शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने उपस्थित छात्रों, अभिभावकों और शिक्षकों को संबोधित करते हुए सभी विद्यार्थियों की माताओं के योगदान को विशेष रूप से सराहा। उन्होंने कहा कि आज दिल्ली में जो भी छात्र सफलता की ऊंचाइयों को छू रहे हैं, उसके पीछे सबसे बड़ा योगदान उनकी माताओं का है। सूद ने बताया कि दिल्ली में पिछले 27 वर्षों में सरकारी और निजी स्कूलों के बीच एक असंतुलन बन गया है, लेकिन अब स्थिति बदल रही है। दिल्ली सरकार शिक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार ला रही है। इस वर्ष मुख्यमंत्री के नेतृत्व में 75 नए सीएमश्री स्कूल खोले जाएंगे। इनमें अत्याधुनिक सुविधाएं, अनुभव आधारित शिक्षा और भारतीय संस्कृति से जुड़े मूल्यों को शामिल किया जाएगा। इन स्कूलों को राष्ट्रीय स्तर पर एक मॉडल के रूप में प्रस्तुत किया जाएगा।

—————