पावर जनरेटिंग कंपनी के प्रबंध संचालक मनजीत सिंह ने गुरुवार को जानकारी देते हुए बताया कि यूनिट ने गत माह अक्टूबर की 4 तारीख को लगातार 365 दिन (एक वर्ष) तक निर्बाध विद्युत उत्पादन करने का तमगा हासिल किया था। यूनिट 5 के निर्बाध संचालन से प्रदेश के विद्युत ग्रिड को स्थिरता मिली और घरेलू व औद्योगिक उपभोक्ताओं को सुचारु विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित हुई। इस उपलब्धि से न केवल म.प्र. पावर जनरेशन कंपनी की साख मजबूत हुई बल्कि यह प्रदेश की अन्य ताप विद्युत इकाइयों के लिए प्रेरणा स्रोत भी बनी है।
ऊर्जा मंत्री ने ऐतिहासिक सफलता पर दी बधाई
अमरकंटक ताप विद्युत गृह चचाई की यूनिट नंबर 5 की इस सफलता व उपलब्धि पर ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर, अपर मुख्य सचिव नीरज मंडलोई व एमपीपीजीसीएल के प्रबंध संचालक मनजीत सिंह हर्ष ने व्यक्त करते हुए बधाई दी। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि अमरकंटक ताप विद्युत गृह चचाई के यूनिट नंबर के ऑपरेशन व मेंटेनेंस अभियंताओं व कार्मिकों की लगन, मेहनत व समर्पण का सबसे बड़ा उदाहरण है।
उच्च स्तर की दक्षता, विश्वसनीयता और तकनीकी उत्कृष्टता दर्शाते आंकड़े
निरंतर संचालन की इस असाधारण अवधि के दौरान यूनिट नंबर 5 ने सराहनीय प्रदर्शन करते हुए 98.48% का प्लांट अवेलेबिलिटी फैक्टर (पीएएफ), 94.91% का प्लांट लोड फैक्टर (पीएलएफ) प्राप्त किया है और 9.29% की सहायक विद्युत खपत (एपीसी) बनाए रखी। ये परिचालन सूचकांक स्पष्ट रूप से इस अवधि के दौरान संयंत्र टीम द्वारा उच्च स्तर की दक्षता, विश्वसनीयता और तकनीकी उत्कृष्टता को बनाये रखा गया।
चचाई के अभियंताओं व कार्मिकों ने दिखाया कमाल
कंपनी के प्रबंध संचालक मनजीत सिंह ने कहा कि सामूहिक प्रयास, अनुशासित कार्यशैली व उच्च तकनीकी दक्षता से अमरकंटक ताप विद्युत गृह की यूनिट नंबर 5 जैसे परिणाम हासिल किए जा सकते हैं। उन्होंने कहा कि लगातार एक वर्ष तक बिना रुकावट संचालन किसी भी ताप विद्युत इकाई के लिए अत्यंत चुनौतीपूर्ण कार्य है, जिसके लिए बॉयलर, टरबाइन, जनरेटर एवं सहायक प्रणालियों का सटीक रखरखाव, निरंतर निगरानी व तकनीकी समस्याओं का त्वरित समाधान जरूरी होता है। यह उपलब्धि मध्यप्रदेश पावर जनरेटिंग कंपनी लिमिटेड (MPPGCL) की समर्पित टीम के निरंतर परिश्रम व तकनीकी विशेषज्ञता का परिणाम है।