लंदन, 28 मई । यूनिटी कप 2026 के दूसरे सेमीफाइनल में भारतीय फुटबॉल टीम को बुधवार की जमैका के खिलाफ 0-2 से हार का सामना करना पड़ा। द वैली स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में जमैका के ए कोर्टनी क्लार्क और काहीम डिक्सन ने गोल दागे।
इस जीत के साथ जमैका ने फाइनल में जगह बना ली, जहां उसका सामना नाइजीरिया से होगा। नाइजीरिया ने पहले सेमीफाइनल में जिम्बाब्वे को 2-0 से हराया था। वहीं भारतीय टीम अब 30 मई को तीसरे स्थान के मुकाबले में जिम्बाब्वे से भिड़ेगी।
भारतीय खिलाड़ियों के लिए खास रहा मुकाबला
इस मैच में भारत के लिए कई खिलाड़ियों ने महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल कीं। नौफाल पीएन और रिकी शाबोंग ने सीनियर राष्ट्रीय टीम के लिए पदार्पण किया, जबकि एडमंड लालरिंदिका को पहली बार शुरुआती एकादश में मौका मिला।
भारत 2002 के बाद पहली बार ब्रिटिश धरती पर कोई अंतरराष्ट्रीय मुकाबला खेल रहा था, लेकिन टीम मैच में शुरुआत से ही लय हासिल नहीं कर सकी।
मैच के आठवें मिनट में जमैका ने तेज पलटवार किया। भारतीय गोलकीपर गुरप्रीत सिंह संधू ने पहले शानदार बचाव किया, लेकिन भारतीय डिफेंस गेंद को पूरी तरह क्लियर नहीं कर सका। कोर्टनी क्लार्क ने ढीली गेंद पर कब्जा जमाते हुए शानदार शॉट के जरिए गेंद को गोलपोस्ट के ऊपरी कोने में पहुंचा दिया।
फीफा रैंकिंग में 71वें स्थान पर मौजूद जमैका ने इसके बाद लगातार आक्रामक खेल जारी रखा। 17वें मिनट में काहीम डिक्सन के पास बढ़त दोगुनी करने का मौका था, लेकिन गुरप्रीत ने बेहतरीन बचाव कर भारत को मैच में बनाए रखा।
पहले हाफ के अंतिम हिस्से में भारत ने कुछ बेहतर पासिंग दिखाई, लेकिन अंतिम तिहाई में टीम की कमी साफ नजर आई। रयान विलियम्स, लालियांजुआला छांगते और एडमंड लालरिंदिका प्रभाव छोड़ने में असफल रहे।
दूसरे हाफ में भारत ने दिखाई वापसी की कोशिश
हाफ टाइम के बाद भारतीय टीम ज्यादा आक्रामक नजर आई। 53वें मिनट में भारत को बराबरी का शानदार मौका मिला, जब जमैका के डिफेंस और गोलकीपर की गलती का फायदा उठाते हुए रोशन ने रहीम अली को पास दिया। हालांकि रहीम अली ऑफसाइड पाए गए और छांगते का गोल मान्य नहीं हुआ।
इसके बाद भारत ने मैच में वापसी की कोशिश तेज कर दी। कोच खालिद जमील की टीम ने ऊंची लाइन पर खेलते हुए जमैका पर दबाव बनाया और कुछ समय के लिए मैच का नियंत्रण अपने हाथ में लिया।
काहीम डिक्सन ने खत्म की भारत की उम्मीदें
जब भारत वापसी की ओर बढ़ता दिख रहा था, तभी 78वें मिनट में काहीम डिक्सन ने शानदार व्यक्तिगत कौशल का प्रदर्शन करते हुए मैच का दूसरा गोल दाग दिया। उन्होंने बॉक्स के बाहर से शानदार मूव बनाते हुए आकाश मिश्रा को छकाया और गेंद को गुरप्रीत सिंह संधू के पास से निकालकर गोल में पहुंचा दिया।
दूसरे गोल के बाद भारतीय टीम की लय टूट गई और जमैका ने आराम से मुकाबला समाप्त करते हुए फाइनल में जगह पक्की कर ली।