रघु राम का ‘इंडियाज गॉट लेटेंट’ अनुभव: बिना रोक-टोक के खुलकर बोले!

समय रैना का शो ‘इंडियाज गॉट लेटेंट’ विवादों के घेरे में आ गया है, और इसका सिलसिला अभी भी जारी है। कुछ समय पहले शो के सभी एपिसोड्स को यूट्यूब से हटा दिया गया, जिसके बाद यह चर्चा का विषय बन गया। इस शो में ‘रोडीज’ के प्रसिद्ध पैनलिस्ट रघुराम ने भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराई थी। रघुराम ने हाल ही में एक यूट्यूब चैनल जीप्लस पर अपने अनुभव साझा करते हुए कहा, “मैं पेशेवर हास्य कलाकार नहीं हूं, लेकिन मैंने पहले ‘एआईबी रोस्ट’ का हिस्सा बनने का अनुभव किया है और अब ‘इंडियाज गॉट लेटेंट’ में भी शामिल हुआ।”

रघुराम ने इस शो के अनुभव को बिल्कुल अलग और अनोखा बताया। उन्होंने कहा, “इस शो में माहौल बहुत ही खुला था। वहां किसी तरह की रोक-टोक नहीं थी और लोगों के बीच कोई डर नहीं था। जो मन में आया, उसे कहने की पूरी आजादी थी। ऐसा लगा जैसे सालों बाद मैंने खुलकर बोलने का अवसर पाया।” उन्होंने आगे कहा कि वहां सभी लोग मनोरंजन कर रहे थे और इसे गंभीरता से नहीं ले रहे थे, जिसके कारण सभी लोग सहज महसूस कर रहे थे।

रघुराम ने एक दिलचस्प किस्सा साझा किया जिसमें उन्होंने बताया कि उन्हें अपने बेटे के स्कूल में एक शिक्षक से प्रशंसा मिली थी। शिक्षक ने कहा, “मुझे लेटेंट में आपका काम बहुत पसंद आया,” जिस पर रघुराम का सिर खाली हो गया और उन्होंने सोचा, “उन्हें ये शो क्यों देखना पड़ा?” रघुराम ने स्पष्ट किया कि भले ही इस शो ने कुछ लोगों को नाराज किया हो, उनके लिए यह एक सकारात्मक अनुभव रहा।

रघुराम ने ‘एआईबी रोस्ट’ की भी याद की, जहाँ पर सभी लोग एक-दूसरे पर मजाक कर रहे थे लेकिन इसे कभी गंभीरता से नहीं लिया गया। उन्होंने कहा, “जहाँ कोई भी किसी की बात को गंभीरता से नहीं लेता, वहां माहौल काफी हल्का और मजेदार होता है। वहां आज़ादी का अहसास होता है।”

वहीं, विवाद की जड़ भी सामने आ चुकी है। अब तक ‘इंडियाज गॉट लेटेंट’ से जुड़े 50 से अधिक लोगों से पूछताछ की जा चुकी है। रघुराम ने 13 फरवरी को अपना बयान भी दर्ज कराया था। विवाद तब शुरू हुआ जब रणवीर अल्लाहबादिया के एक वीडियो पर आपत्ति जताई गई। इसके बाद यूट्यूब ने उस एपिसोड को हटा दिया और समय रैना ने शो के सभी एपिसोड को डिलीट करने का निर्णय लिया। यह घटना इस विषय में बहस को और बढ़ा रही है कि क्या इस तरह के शोज़ के लिए कुछ सीमाएँ निर्धारित होनी चाहिए या नहीं।