प्रयागराज में एक दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां एक 20 वर्षीय एनसीसी कैडेट अमन यादव की तैराकी प्रशिक्षण के दौरान यमुना नदी में डूब जाने से मौत हो गई। अमन ईविंग क्रिश्चियन कॉलेज में बीएससी बायो का छात्र था और साथ ही एनसीसी में भी अपनी भागीदारी निभा रहा था। घटना के समय अमन अपने कोच राकेश कुमार और अन्य छात्रों के साथ यमुना नदी के गऊघाट इलाके में तैराकी का अभ्यास कर रहा था। अचानक वह पानी में गहराई में चला गया, जिससे वह डूबने लगा। साथियों ने शोर मचाकर कोच को बुलाया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी और अमन की जिंदगी को नहीं बचाया जा सका।
अमन का परिवार झूंसी ब्रह्मपुरी कॉलोनी में रहता है, और उसके पिता निरंजन यादव मेरठ के एक पुलिस थाने में एसएचओ के पद पर तैनात हैं। अमन अपने परिवार का इकलौता बेटा था और तीन बहनों का भाई था। उसकी आकस्मिक मौत से परिवार और समाज में शोक की लहर दौड़ गई है। तैराकी सीखने के दौरान अमन को सही समय पर सहायता नहीं मिल सकी, जिसके कारण यह हादसा घटित हुआ।
घटनास्थल पर पहुंचने के बाद गोताखोरों की मदद से अमन को निकाला गया, लेकिन उसकी जान बचाने में चिकित्सकों ने असमर्थता जताई। स्वरूप रानी नेहरू चिकित्सालय पहुंचने पर चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है और घटना की विस्तृत जांच शुरू कर दी है।
छात्रों ने कोच राकेश कुमार और कॉलेज प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाया है। छात्रों का कहना है कि कोच तैराकी सिखाने के लिए 1600 रुपये अतिरिक्त चार्ज करते हैं, जबकि एनसीसी कैडेट्स को यह सेवा मुफ्त उपलब्ध करवाई जानी चाहिए थी। इस मामले ने छात्रों के बीच असंतोष की भावना को जन्म दिया है और कॉलेज प्रशासन के प्रति गहरी नाराजगी का कारण बन रहा है।
इस घटना के बाद छात्र समुदाय और परिजन न्याय की गुहार लगा रहे हैं। वे चाहते हैं कि इस मामले की निष्पक्ष रूप से जांच हो और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाए। समाज में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए उचित कदमों की आवश्यकता है ताकि किसी और परिवार को इस तरह के दर्दनाक अनुभव से गुजरना न पड़े।
प्रयागराज में हुई यह घटना केवल एक व्यक्तिगत नुकसान नहीं है, बल्कि यह एक बड़ा मुद्दा है जो सुरक्षा, शिक्षा और कोचिंग की जिम्मेदारियों पर सवाल उठाता है। जब तक उचित प्रशासनिक कदम नहीं उठाए जाएंगे, तब तक ऐसे हादसे पुनः हो सकते हैं। यह घटना एक गंभीर चेतावनी है कि हमें तैराकी जैसे गतिविधियों के दौरान सुरक्षा प्रदान करने के लिए पूर्ण रूप से सावधान रहना चाहिए।