उन्होंने कहा कि पहली बार अंजुमन अस्पताल में इंटरनल ऑडिट और टैक्स ऑडिट भी कराया। उन्होंने कहा कि 30 सितंबर कुल तीन करोड़ 39 लाख 37 हज़ार 432 रुपया बैलेंस पैसा अभी हॉस्पिटल के पास है। उन्होंने कहा कि इन तीन वर्षो में अंजुमन इस्लामिया अस्पताल में पुरानी कमेटी थी, तो अस्पताल के कर्मचारी की संख्या 81 थी जो अब बढ़कर अभी 169 हो गया है। उन्होंने बताया कि उस समय डॉक्टरों की संख्या 37 थी जो अब बढ़कर 48 हो गई है।
मौके पर अंजुमन इस्लामिया अस्पताल के द्वारा एक नई मोर्चरी वाहन की खरीदारी की भी की गई। इसका उद्घाटन अंजुमन इस्लामिया अस्पताल के संस्थापक सदस्य नफीस अख्तर और अंजुमन इस्लामिया के अध्यक्ष मुख्तार अहमद ने किया।
मौके पर अंजुमन इस्लामिया के सदर हाजी मुख्तार अहमद, अस्पताल के निदेशक मोहम्मद मुकीम आलम, उपाध्यक्ष मोहम्मद जाहिद, सह सचिव नदीम इकबाल, खजांची मो शाहिद, शफीकुर रहमान सहित गवर्निंग बॉडी के कई सदस्य मौजूद थे।