परिवर्तनशील रहेगा लेकिन तापमान में ज्यादा गिरावट की संभावना नहीं है।
हल्की बरसात से
होगी तापमान में गिरावट
हिसार स्थित हरियाणा
कृषि विश्वविद्यालय के कृषि मौसम विज्ञान विभाग के अध्यक्ष डॉ. मदन खीचड़ ने बताया कि
राज्य में मौसम आमतौर पर 29 अप्रैल तक परिवर्तनशील रहने की संभावना है। इस दौरान
25 अप्रैल देर रात्रि को एक पश्चिमी विक्षोभ पहाड़ों की तरफ बढ़ने की संभावना है। इसके
आंशिक प्रभाव से 26 अप्रैल रात्रि से 29 अप्रैल के दौरान हरियाणा राज्य में आंशिक बादलवाई
रहने और गरज चमक के साथ कहीं-कहीं बूंदाबांदी या हल्की बारिश की संभावना है।
किसानों को दी विशेष
सलाह
मौसम व कृषि विशेषज्ञों
ने मौसम में आए बदलाव और आगामी दिनों में संभावित बारिश व तेज हवाओं को देखते हुए किसानों
के लिए महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए हैं। किसानों को सलाह दी गई है कि वे गेहूं और
जौ की तैयार फसल की कटाई और थ्रेसिंग जल्द से जल्द पूरी कर लें और अनाज को सुरक्षित
स्थान पर रखें। विशेषज्ञों के अनुसार अगले तीन-चार दिनों तक कपास, मूंग, उड़द और सूरजमुखी
की बुवाई रोक दें। साथ ही सब्जियों (भिंडी, लौकी, खीरा) की बुवाई भी टाल दें। बदलते
मौसम के कारण अगले तीन दिनों तक किसी भी प्रकार के कीटनाशक के छिड़काव से बचें। गर्मी
और लू से बचाने के लिए पशुओं को दिन के समय छायादार और हवादार शेड में रखें, उन्हें
पर्याप्त और साफ पानी पिलाएं, ताकि वे हीट स्ट्रेस का शिकार न हों।
यह रहा राज्य के
प्रमुख जिलों का अधिकतम तापमान
शनिवार को राज्य
का रोहतक जिला सबसे गर्म रहा और यहां का तापमान 44.6 डिग्री पर पहुंच गया। इसी तरह
फरीदाबाद का 43.6 डिग्री, नारनौल का 43.5 डिग्री, सिरसा का 43.5 डिग्री, हिसार का
43.0 डिग्री, करनाल का 42.8 डिग्री, नूंह, मेवात का 42.7 डिग्री, भिवानी का 42.5 डिग्री,
जींद का 42.5 डिग्री, अंबाला का 41.9 डिग्री, सोनीपत का 42.2 डिग्री, महेन्द्रगढ़ का
42.0 डिग्री, झज्जर का 41.5 डिग्री, चरखी दादरी का 41.0 डिग्री व ग्रुरुग्राम का अधिकतम
ताममान 41.0 डिग्री दर्ज किया गया।