मध्य प्रदेश में मानसून की सुस्त चाल, जून में अब तक 52 प्रतिशत कम हुई बारिश, आज 30 जिलों में अलर्ट

भोपाल, 23 जून । मध्य प्रदेश में मानसून की देरी का असर साफ दिखाई दे रहा है। जून का अधिकांश समय सूखा गुजरने से प्रदेश में अब तक सामान्य से काफी कम बारिश दर्ज की गई है। 1 जून से अब तक प्रदेश में औसतन 70.9 मिमी बारिश होनी चाहिए थी, लेकिन केवल 34.3 मिमी वर्षा हुई है। यह सामान्य से करीब 52 प्रतिशत कम है। इंदौर, उज्जैन और ग्वालियर समेत 48 जिलों में बारिश का आंकड़ा सामान्य स्तर से नीचे बना हुआ है।

मध्य प्रदेश में मानसून के प्रवेश की सामान्य तिथि 15 जून मानी जाती है, लेकिन इस बार निर्धारित समय से आठ दिन बाद भी मानसून पूरी तरह सक्रिय नहीं हो पाया है। मौसम विशेषज्ञों का अनुमान है कि अगले दो से तीन दिनों में मानसून प्रदेश में दस्तक दे सकता है। आमतौर पर मानसून के आगमन के साथ तेज बारिश का दौर शुरू होता है, जिससे वर्षा के आंकड़ों में तेजी से सुधार होता है।

हालांकि पूरे जून महीने में प्री-मानसूनी गतिविधियां जारी रहीं, लेकिन प्रदेश के पूर्वी हिस्से जबलपुर, रीवा, सागर और शहडोल संभाग में सामान्य से 71 प्रतिशत कम बारिश रिकॉर्ड की गई। वहीं भोपाल, इंदौर, उज्जैन, नर्मदापुरम और ग्वालियर-चंबल क्षेत्र सहित पश्चिमी हिस्से में औसत से 33 प्रतिशत कम वर्षा दर्ज हुई है।

अनूपपुर, बालाघाट, छतरपुर, छिंदवाड़ा, दमोह, डिंडौरी, जबलपुर, कटनी, मैहर, मंडला, मऊगंज, नरसिंहपुर, निवाड़ी, पांढुर्णा, पन्ना, रीवा, सागर, सतना, सिवनी, शहडोल, सीधी, सिंगरौली, टीकमगढ़, उमरिया, आलीराजपुर, बड़वानी, बैतूल, भिंड, बुरहानपुर, दतिया, देवास, धार, ग्वालियर, हरदा, इंदौर, झाबुआ, खंडवा, खरगोन, मुरैना, नर्मदापुरम, रायसेन, राजगढ़, रतलाम, शाजापुर, सीहोर, शिवपुरी, उज्जैन और विदिशा में बारिश सामान्य से कम रही। जबकि भोपाल, अशोकनगर, आगर-मालवा, गुना, मंदसौर, नीमच और श्योपुर ऐसे जिले रहे जहां सामान्य से अधिक वर्षा दर्ज की गई।

बीते सोमवार को प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में प्री-मानसूनी बारिश देखने को मिली। धार जिले में लगभग 2 इंच बारिश हुई, जबकि भोपाल में करीब पौन इंच पानी गिरा। इसके अलावा इंदौर, खंडवा, रायसेन, राजगढ़, उज्जैन, छिंदवाड़ा, जबलपुर, खजुराहो, सागर, सतना, सिवनी, बड़वानी, शाजापुर और सीहोर सहित कई जिलों में आंधी और बारिश का दौर चला।

मौसम विभाग के मुताबिक, सोमवार को पचमढ़ी प्रदेश का सबसे ठंडा स्थान रहा, जहां अधिकतम तापमान 31.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। धार में 32.9 डिग्री, सिवनी में 34.2 डिग्री, रायसेन में 35.4 डिग्री और शाजापुर में 35.7 डिग्री तापमान रिकॉर्ड हुआ। वहीं दतिया सबसे गर्म रहा, जहां अधिकतम तापमान 42.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। सीधी, खजुराहो, टीकमगढ़-नौगांव और नरसिंहपुर में भी तापमान 40 डिग्री से ऊपर रहा। प्रदेश के प्रमुख शहरों में इंदौर का तापमान 34.7 डिग्री, उज्जैन 35 डिग्री, भोपाल 35.2 डिग्री, जबलपुर 36 डिग्री और ग्वालियर 40.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

मौसम विभाग ने आज मंगलवार के लिए जबलपुर, मंडला, दमोह और उमरिया जिलों में हीटवेव यानी लू का अलर्ट जारी किया है। वहीं ग्वालियर, श्योपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, शहडोल, अनूपपुर, डिंडौरी, बालाघाट, सिवनी, पांढुर्णा, छिंदवाड़ा, नरसिंहपुर, सागर, विदिशा, रायसेन, नर्मदापुरम, बैतूल, भोपाल, सीहोर, हरदा, देवास, खंडवा, बुरहानपुर, खरगोन, इंदौर, धार, बड़वानी, आलीराजपुर और झाबुआ में तेज आंधी के साथ बारिश होने की संभावना जताई गई है।

इसके अलावा नीमच, मंदसौर, रतलाम, उज्जैन, शाजापुर, आगर-मालवा, राजगढ़, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, कटनी, सतना, मैहर, रीवा, मऊगंज, सीधी और सिंगरौली जिलों में गर्मी का असर बना रह सकता है।