नड्डा का सुक्खू सरकार पर हमला, बोले—केंद्र से मिली धनराशि खर्च करने में नाकाम प्रदेश सरकार

कुल्लू, 11 अक्टूबर । केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा रसायन एवं उर्वरक मंत्री जगत प्रकाश नड्डा ने रविवार को पतलीकूहल के मेला मैदान में आयोजित जनप्रतिनिधि एवं कार्यकर्ता सम्मेलन में हिमाचल प्रदेश की कांग्रेस सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू के नेतृत्व में प्रदेश सरकार विकास कार्यों को गति देने और केंद्र से प्राप्त धनराशि का समय पर उपयोग करने में विफल रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में कुशासन, कुप्रबंधन और प्रशासनिक अव्यवस्था के कारण विकास परियोजनाएं प्रभावित हो रही हैं।

नड्डा ने कहा कि मुख्यमंत्री केंद्र सरकार पर प्रदेश की उपेक्षा के आरोप लगाते हैं, जबकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सड़क, रेल, स्वास्थ्य, ऊर्जा और जनकल्याण के क्षेत्रों में हिमाचल को पर्याप्त सहायता उपलब्ध करवाई गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार ने कई शिक्षण और स्वास्थ्य संस्थानों को बंद करने के फैसले लिए तथा पूर्व सरकार के समय शुरू किए गए विकास कार्यों को प्रभावित किया।

केंद्रीय मंत्री ने प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत हेल्थ इंफ्रास्ट्रक्चर मिशन के तहत हिमाचल को स्वीकृत लगभग 360 करोड़ रुपये का उल्लेख करते हुए दावा किया कि 15 क्रिटिकल केयर ब्लॉक में से केवल एक का निर्माण पूरा हुआ है। इसी तरह 12 इंटीग्रेटेड पब्लिक हेल्थ लैब में से एक के पूरा होने और 73 ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिट में से किसी के भी संचालित न होने का दावा किया। उन्होंने कहा कि योजना की अवधि वर्ष 2027 तक बढ़ाई गई है, इसलिए निर्धारित समय में कार्य पूरे करना जरूरी है।

नड्डा ने ऊना में प्रस्तावित बल्क ड्रग पार्क के लिए केंद्र की ओर से 1,000 करोड़ रुपये की सहायता और 225 करोड़ रुपये जारी किए जाने का उल्लेख किया। उन्होंने दावा किया कि इसके मुकाबले अब तक केवल 12 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं। उन्होंने 15वें वित्त आयोग के तहत प्राप्त 521 करोड़ रुपये में से केवल 52 प्रतिशत राशि के उपयोग का भी दावा किया और परियोजनाओं में देरी के लिए राज्य सरकार को जिम्मेदार ठहराया।

नड्डा ने कुल्लू-मनाली सड़क संपर्क और फोरलेन परियोजनाओं के लिए लगभग 468 करोड़ रुपये की राशि तथा भानुपल्ली-बिलासपुर-बैरी रेल परियोजना का जिक्र किया। उन्होंने आरोप लगाया कि भूमि अधिग्रहण और मुआवजा प्रक्रिया में देरी से रेल परियोजना की प्रगति प्रभावित हो रही है। उन्होंने एम्स बिलासपुर पर 1,400 करोड़ रुपये से अधिक खर्च होने, चमियाना सुपर स्पेशलिटी अस्पताल के लिए लगभग 200 करोड़ रुपये की सहायता और जायका समर्थित 1,422 करोड़ रुपये की स्वास्थ्य परियोजना का भी उल्लेख किया।

उन्होंने किशाऊ बहुउद्देशीय परियोजना को लेकर राज्यों के बीच बनी सहमति को सहकारी संघवाद का उदाहरण बताया। साथ ही प्रधानमंत्री आवास योजना, उज्ज्वला योजना, आयुष्मान भारत और गरीब कल्याण अन्न योजना सहित केंद्र की विभिन्न योजनाओं का उल्लेख किया।

हालिया स्थानीय निकाय चुनावों में भाजपा समर्थित उम्मीदवारों की सफलता पर कार्यकर्ताओं को बधाई देते हुए नड्डा ने 2027 के विधानसभा चुनावों के लिए संगठन को मजबूत करने का आह्वान किया। सम्मेलन में पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर, पूर्व मंत्री गोविंद सिंह ठाकुर, विधायक सुरेंद्र शौरी और लोकेंद्र कुमार सहित भाजपा के कई नेता एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।