कला केवल अभिव्यक्ति का माध्यम नहीं, बल्कि मानवीय संवेदनाओं को समझने का सशक्त माध्यम भी : डॉ राजेश शर्मा

धर्मशाला, 05 जून । हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड धर्मशाला के अध्यक्ष डॉ. राजेश शर्मा ने कहा कि कला केवल अभिव्यक्ति का माध्यम नहीं, बल्कि समाज, संस्कृति और मानवीय संवेदनाओं को समझने का सशक्त माध्यम भी है। डॉ. शर्मा ने कहा कि ऐसी प्रदर्शनियां युवाओं में रचनात्मक सोच को प्रोत्साहित करने के साथ-साथ उन्हें जीवन के विभिन्न पहलुओं को सकारात्मक दृष्टिकोण से देखने की प्रेरणा देती हैं। उन्होंने कलाकार पूजा राज को इस उत्कृष्ट प्रस्तुति के लिए बधाई एवं शुभकामनाएं दीं।

डॉ शर्मा ने शुक्रवार को 5 जून से 7 जून तक कांगड़ा कला संग्रहालय, धर्मशाला में आयोजित की जा रही कला प्रदर्शनी का शुभारंभ करने के बाद यह विचार रखे।

कांगड़ा कला संग्रहालय, धर्मशाला में आयोजित कला प्रदर्शनी “व्हिस्पर्स ऑफ सॉलिट्यूड” के उद्घाटन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। यह प्रदर्शनी कलाकार पूजा राज द्वारा आयोजित की गई है, जिसमें जीवन के विभिन्न आयामों, अनुभवों एवं मानवीय भावनाओं को कलात्मक रूप में प्रस्तुत किया गया है।

इस अवसर पर डॉ. शर्मा ने प्रदर्शनी का अवलोकन करते हुए कलाकार की रचनात्मक अभिव्यक्ति की सराहना की। प्रदर्शनी में प्रदर्शित कलाकृतियों के माध्यम से जीवन के विभिन्न चरणों, संघर्षों, भावनात्मक अनुभवों, आत्मचिंतन तथा व्यक्तिगत विकास की यात्रा को प्रभावशाली ढंग से दर्शाया गया है।