से एक अलग एवं समर्पित पाइपलाइन (डेडिकेटेड पाइपलाइन) बिछाने का प्रस्ताव दिया है।
अधिकारियों के अनुसार इस योजना के तहत उपलब्ध कराया जाने वाला स्वच्छ पेयजल गांव की
वर्तमान आबादी की आवश्यकता से भी अधिक होगा।
आईजी कुलदीप कुमार ने बताया कि हाल ही में कुछ
लोगों द्वारा मुख्य जल पाइपलाइन में अवैध रूप से ‘टी’ लगाकर कनेक्शन लेने का प्रयास किया गया था। प्रशासन ने कानून-व्यवस्था की
स्थिति को ध्यान में रखते हुए देर रात कार्रवाई करते हुए इस अवैध निर्माण को हटवा दिया।
उन्होंने कहा कि यह कदम संभावित टकराव एवं किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के उद्देश्य
से उठाया गया।
आईजी ने कहा कि कुछ असामाजिक एवं शरारती तत्वों
ने ग्रामीणों को गुमराह कर अवैध गतिविधियों के लिए उकसाने का कार्य किया है, जिसकी
गहन जांच की जा रही है।
आईजी ने कहा कि शांतिपूर्ण तरीके से धरना-प्रदर्शन करना प्रत्येक
नागरिक का संवैधानिक अधिकार है, लेकिन कानून के साथ किसी भी प्रकार का खिलवाड़ बर्दाश्त
नहीं किया जाएगा। उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि वे किसी के बहकावे में न आएं और
प्रशासन के साथ सहयोग करते हुए समस्या के समाधान में सकारात्मक भूमिका निभाएं। उन्होंने
दोहराया कि प्रशासन गांववासियों को स्वच्छ एवं पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराने के लिए
पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
साथ ही यह भी स्पष्ट किया गया कि किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि,
सरकारी कार्य में बाधा अथवा कानून-व्यवस्था बिगाड़ने के प्रयासों को सख्ती से रोका
जाएगा। फिलहाल गांव में स्थिति तनावपूर्ण लेकिन पूरी
तरह नियंत्रण में बताई जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रशासन और पुलिस लगातार ग्रामीणों
के संपर्क में हैं तथा मामले के शांतिपूर्ण एवं स्थायी समाधान के लिए प्रयासरत हैं।